सदन में संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू।
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
हिमाचल प्रदेश में अब प्राकृतिक खेती योजना में ऊना के आलू की भी खरीद होगी। हमीरपुर में मसाले तैयार किए जाएंगे। प्रश्नकाल के दौरान विधायक बिक्रम सिंह, सुखराम और नेता विपक्ष जयराम ठाकुर के सवालों का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ऊना में स्वां के चैनलाइजेशन के बाद आलू उत्पादन बढ़ा है। हमीरपुर में स्पाइस बोर्ड कार्यालय खोलने की बात चल रही है। देश के गृहमंत्री अमित शाह और गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने भी इस योजना की तारीफ की है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक खेती योजना को सरकार ने अब रोजगार की दृष्टि से जोड़ा है। इस पहल से कृषि छोड़ने वाले लोग लौटने लगे हैं। प्राकृतिक खेती पर एमएसपी लागू करने वाला प्रदेश देश का पहला राज्य है। 90 रुपये में एक किलो कच्ची हल्दी खरीदी जा रही है। कच्ची हल्की उगाने में मेहनत कम होती है। अब मसाले बनाने के बारे में सरकार विचार कर रही है। स्पाइस बोर्ड से चर्चा जारी है।
इससे पूर्व नेता विपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि प्राकृतिक खेती योजना पर कांग्रेस सरकार ध्यान नहीं दे रही। विधायक सुखराम चौधरी ने कहा कि प्रदेश में मार्केटिंग केंद्र बहुत कम है। जवाब देते हुए कृषि मंत्री चंद्र कुमार ने कहा कि राजीव गांधी प्राकृतिक खेती किसान खुशहाल किसान योजना के तहत केवल मक्की का आटा, गेंहू का दलिया और आटा बनाकर खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता मामले विभाग की ओर से हिम भोग हिम प्राकृतिक ब्रांड के नाम से विक्रय किया जा रहा है। सभी उत्पादों पर एक्सपायरी डेट भी लिखी जाती है। चंबा की पांगी घाटी में प्राकृतिक खेती से उगाई जा रही जौ की पारंपरिक फसल के लिए 60 रुपये प्रति किलोग्राम न्यूनतम समर्थन मूल्य तय किया गया है।
प्राकृतिक खेती उत्पाद बेचने को बिग बाजार से चल रही बात : चंद्र
कृषि मंत्री चंद्र कुमार ने बताया कि प्राकृतिक खेती से उगाया गया आटा और दलिया डिपो से माध्यम से बेचा जा रहा है। क्लेशन सेंटरों की संख्या बढ़ाने पर विचार किया जा रहा है। बिग बाजार के साथ भी वार्ता जारी है। हमीरपुर में नई टेस्टिंग लैब खोली जाएगी। अभी सोलन स्थित लैब में सैंपल जांचे जा रहे हैं। आटा के 57 सैंपल जांच को आए थे, इनमें से छह सैंपल फेल हुए।
भाभी जी को पता है एक हफ्ते बाद नहीं बनती मक्की की रोटी : जयराम
नेता विपक्ष जयराम ठाकुर ने मुख्यमंत्री पर कटाक्ष करते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार ने मक्की आटा बेचने का फैसला लिया है लेकिन इससे सरकार को आय नहीं हो रही। नेता विपक्ष ने विधायक कमलेश ठाकुर की ओर इशारा करते हुए कहा कि भाभी जी जानती हैं कि एक हफ्ते बाद मक्की आटा की रोटी स्वाद नहीं बनती। मुख्यमंत्री ने तो कभी रोटी बनाई नहीं होगी। जवाब में मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि हम मक्की की रोटी बनाते भी हैं और खाते भी। आपको भी रोटी खिलाने के लिए बुलाएंगे। मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि नेता विपक्ष कहीं की बात कहीं और ही ले जाते हैं। फिर नाराज हो जाते हैं।
विधायकों ने उठाए अपने-अपने क्षेत्रों के मामले
बुधवार को 12 बजे के बाद आधे घंटे तक चले शून्यकाल के दौरान सदन में कई मामले उठे। भाजपा विधायक मलेंद्र राजन ने बिजली बोर्ड में आउटसोर्स कर्मचारियों की समस्याओं का मामला उठाया। भाजपा विधायक बलवीर सिंह वर्मा ने नेरवा में अल्ट्रासाउंड स्थापित करने की मांग उठाई। उन्होंने स्वास्थ्य संस्थानों में रिक्तियां भरने की भी मांग उठाई। स्वास्थ्य मंत्री धनीराम शांडिल ने कहा कि इसमें कोई दो राय नहीं की स्टाफ की कमी है। जल्दी भर्ती की जाएगी। भाजपा विधायक रणधीर शर्मा ने नयना देवी के सोलदा पंचायत घर में 35 लाख रुपये मंजूर होने के बावजूद काम शुरू न किए जाने का मुद्दा उठाया। उन्होंने इसी पंचायत में खेल मैदान के लिए 15 लाख रुपए मंजूर होने पर भी निर्माण कार्य शुरू नहीं करने का मामला उठाया। इस पर खेल मंत्री यादविंद्र गोमा ने कहा कि अगर लोक निर्माण ने टेंडर नहीं लगाए तो इस बारे में निर्देश देंगे। भाजपा विधायक सुरेंद्र शौरी ने अपने क्षेत्र में राजकीय डिग्री कॉलेज सैंज में बजट की कमी के कारण कोई काम नहीं होने का मामला उठाया। मंत्री गोमा ने कहा कि इस संबंध में उपयुक्त कदम उठाएंगे।
भाजपा विधायक जीतराम कटवाल ने मामला उठाया कि झंडूता में न तो तहसीलदार हैं और न ही नायब तहसीलदार हैं। इन रिक्तियों को भरा जाएगा। लाहौल-स्पीति की कांग्रेस विधायक अनुराधा राणा ने कहा कि लाहौल-स्पीति में बालन की लकड़ी की समस्या पैदा हुई है। दिसंबर महीना शुरू हो गया है। इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाए। विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप पठानिया ने कहा कि इसका संज्ञान लिया है सरकार तक पहुंचाएंगे। चंबा के विधायक नीरज नैयर ने कहा कि चंबा मेडिकल कॉलेज का पहला चरण पूरा हो गया है। वह मांग रखना चाहेंगे कि बिना फर्नीचर के पैसा भी पड़ा है। टेंडर में देरी हो रही है। इस पर काम आगे बढ़ाएं।
गद्दी से जुड़ी कई उपजातियों को जनजातीय दर्जा दें : पठानिया
शाहपुर के कांग्रेस विधायक केवल सिंह पठानिया ने कहा कि लंबे समय में बहुत लोग हैं ऐसे हैं, जो गद्दी समुदाय से हैं, उन्हें जनजातीय दर्जा नहीं दिया गया है। ये जातियां गद्दी समुदाय की विभिन्न अंग हैं। उप जातियां जो छूटी हैं, इनको सम्मिलित किया जाए। वह उनके विधानसभा क्षेत्र में भी लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं। सर्वेक्षण भी किया गया है। सरकार को इसकी संस्तुति की गई है। इस पर विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि इसका संज्ञान लिया गया है। इसे राजस्व विभाग के ध्यान में लाया गया है।