Himachal Assembly Monsoon Session : शून्यकाल में मंडी से मनाली नेशनल हाईवे पर लंबे ट्रैफिक जाम का मुद्दा गूंजा। शून्यकाल में मनाली के विधायक भुवनेश्वर गौड़ ने कहा कि बरसात के दौरान मनाली एनएच पर लगातार भूस्खलन हो रहा है। इससे सेब से लदी गाड़ियां जगह-जगह फंस रही हैं।
विधानसभा के मानूसन सत्र में शुक्रवार को शून्यकाल में मंडी से मनाली नेशनल हाईवे पर लंबे ट्रैफिक जाम का मुद्दा गूंजा। विधायकों ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया। विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि मंडी-मनाली और कमांद सड़क पर यातायात को सुचारु करने के लिए ठोस कदम उठाए जाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि इस मामले में नेशनल हाईवे अथॉरिटी के अधिकारियों से बात की जाएगी और जरूरत पड़ने पर उन्हें विधानसभा में भी बुलाया जाएगा।
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शून्यकाल में मनाली के विधायक भुवनेश्वर गौड़ ने कहा कि बरसात के दौरान मनाली एनएच पर लगातार भूस्खलन हो रहा है। इससे सेब से लदी गाड़ियां जगह-जगह फंस रही हैं और सेब समय पर मंडियों तक नहीं पहुंच पा रहा है। इससे मरीजों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। गौड़ ने आपदा से खराब हुई सड़कों को दुरुस्त करने का मामला उठाया। गौड़ ने कमांद वैकल्पिक मार्ग पर अधिक ट्रैफिक से पैदा हो रहीं दिक्कतों पर भी चिंता जाहिर की। उन्होंने ट्रैफिक जाम नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल की संख्या बढ़ाने को कहा। विधायक राकेश जम्वाल ने कहा कि किरतपुर-मनाली फोरलने पर पिछले दो महीने से 60 किलोमीटर तक लंबा जाम बड़ी समस्या बन चुका है। कुल्लू से मंडी पहुंचने में पहले जहां एक घंटा लगता था। लोगों को अब देर रात तक पहुंचना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सेब और मटर की खेप समय पर मंडियों में नहीं पहुंच रही। इससे पर्यटन पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है।
विधायक सुरेंद्र शौरी ने भी एनएच पर लंबे जाम की समस्या को गंभीर बताते हुए कहा कि मंडी से कुल्लू तक लोग अव्यवस्था से परेशान हैं। उन्होंने विशेष रूप से औट से पंडोह तक जाम की समस्या को ज्यादा गंभीर बताया और ट्रैफिक को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल की अतिरिक्त तैनाती की मांग की। राज्य विधानसभा अध्यक्ष पठानिया ने कहा कि एनएचएआई पर सरकार का सीधा नियंत्रण नहीं है, लेकिन पुलिस को तत्काल कदम उठाने होंगे, जिससे लोगों को राहत मिल सके।