हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) की बसों में निशुल्क यात्रा के लिए कर्मचारियों और पेंशनरों के हिम बस कार्ड बनाने की तय समय सीमा में प्रबंधन छूट देने जा रहा है। पूर्व में 22 अक्तूबर तक कार्ड बनाने के लिए महज 10 दिन का समय दिया गया था। इसे लेकर मंडलीय और क्षेत्रीय प्रबंधकों ने अतिरिक्त समय की मांग की थी। इसके बाद मुख्यालय ने प्रशासनिक कारणों का हवाला देते हुए 12 अक्तूबर के निर्देशों को वापस ले लिया है। अब इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश अलग से जारी किए जाएंगे, हालांकि यूनिट स्तर पर कार्ड बनाने की प्रक्रिया निरंतर जारी रहेगी।
योजना के तहत निगम के करीब 11 हजार कर्मचारियों और 8 हजार पेंशनरों के लिए यह कार्ड बनवाना अनिवार्य है। इसके दायरे में नियमित, अनुबंध, आउटसोर्स, सेवानिवृत्त कर्मी और पारिवारिक पेंशनधारक शामिल हैं। 118 रुपये (100 रुपये कार्ड शुल्क व 18 रुपये जीएसटी) की लागत वाले इस कार्ड से कर्मचारियों के सफर का पूरा रिकॉर्ड (मार्ग, समय और फेरे) प्रबंधन के पास दर्ज रहेगा। टिकट जारी होने की इस डिजिटल व्यवस्था से स्टाफ के नाम पर होने वाले अनाधिकृत निशुल्क सफर पर पूरी तरह रोक लगेगी। शिमला, मंडी, धर्मशाला और हमीरपुर मंडलों को पात्र लाभार्थियों का सत्यापित ब्योरा तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।