शराब बोतल पर पहले से ले रहे 10 रुपये सेस
प्रदेश सरकार ने मार्च 2023 में हुई कैबिनेट बैठक में शराब पर प्रति बोतल 10 रुपये मिल्क सेस लगाने का फैसला किया था। दूध सेस से प्राप्त होने वाली राशि को गाय-भैंस पालकों से हर दिन दस लीटर दूध खरीदने की योजना पर खर्च करने की बात कही गई है। सरकार ने शराब की प्रति बोतल पर लगने वाले दो से पांच रुपये के कोविड सेस को हटा दिया था। हालांकि, प्रति बोतल ढाई रुपये लिए जाने वाले काऊ सेस को जारी रखा गया है।
यूनिट बिजली खर्च पर 10 रुपये बढ़ेगा बिल
दूध सेस से 100 यूनिट बिजली खर्च करने पर 10 रुपये बिल बढ़ेगा। शून्य से 125 यूनिट तक की बिजली खपत करने वाले उपभोक्ताओं से कोई शुल्क नहीं लिया जा रहा है। 126 से 300 यूनिट तक प्रति यूनिट बिजली का दाम 6 रुपये तय किया गया है। घरेलू उपभोक्ताओं को 1.83 रुपये प्रति यूनिट की सब्सिडी दी जा रही है। ऐसे में 126 से 300 यूनिट तक उपभोक्ताओं को प्रति यूनिट 4.17 रुपये में पड़ रही है। 301 से अधिक यूनिट की खपत पर सब्सिडी सहित प्रति यूनिट 5.22 रुपये तय है। अब दूध सेस लगने से 10 यूनिट की बिजली खपत पर एक रुपये ज्यादा घरेलू उपभोक्ताओं को चुकाना पड़ेगा।