हमीरपुर। पार्किंग और पेइंग गेस्ट (पीजी) के संचालन को लेकर नगर निगम हमीरपुर नियमों का खाका तैयार नहीं कर सका है। पीजी और पार्किंग के संचालक नियम तय न होने के कारण अपनी मर्जी से बिना पंजीकरण इनका संचालन कर रहे हैं।
हमीरपुर में नगर परिषद के कार्यकाल के दौरान पीजी संचालन और पार्किंग के लिए नियम तय करने की कवायद शुरू की थी, लेकिन अब नगर निगम का दर्जा मिलने के बावजूद यह नियम फाइलों में ही दफन हैं।
नगर निगम हमीरपुर के तहत 20 से अधिक पार्किंग संचालक हैं, जिन्होंने निजी रूप से पार्किंग स्थल खोल रखे हैं, जबकि नगर निगम के पास पीजी संचालकों का कोई रिकॉर्ड ही उपलब्ध नहीं है। हादसा पेश आने के बाद पीजी के पंजीकरण और व्यवस्था निरीक्षण को लेकर धरातल पर कार्रवाई तो शुरू होती है, मगर बाद में यह कार्रवाई शून्य हो जाती है।
पीजी और पार्किंग को लेकर पंजीकरण न होने के कारण इनके दाम भी निगम निर्धारित नहीं कर पाया है। ऐसे में सभी मनमर्जी से अपने दाम वसूल रहे हैं। हालांकि नगर निगम के अधिकारी पीजी व पार्किंग संचालकों का डाटा इकट्ठा करने का दावा कर रहे हैं। नियमों के अनुसार बिना पंजीकरण कोई भी पीजी संचालित नहीं किया जा सकता है। इसके लिए शर्तों को भी पूरा करना पड़ता है, लेकिन नगर निगम हमीरपुर में कोई नियम नहीं बने हैं।
कोट :
नगर निगम हमीरपुर के तहत पीजी संचालकों और पार्किंग संचालकों का डाटा इकट्ठा किया जा रहा है। अभी नियम नहीं बने हैं। मगर अपने स्तर पर ही इनके लिए नियम तय किए जाएंगे।
-राकेश कुमार शर्मा, आयुक्त नगर निगम, हमीरपुर