ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब नादौन में गुरूनानक जयंती मनाते सिक्ख अनुयायी।(संवाद)
हमीरपुर। जिला हमीरपुर में सोमवार को गुरु नानक देव के प्रकाश पर्व धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान गुरुद्वारों में शब्द कीर्तन और गुरबाणी कार्यक्रम का आयोजित किए गए। नगर परिषद हमीरपुर के वार्ड-चार में स्थित गुरुद्वारा साहिब में सोमवार को गुरु नानक देव के प्रकाश पर्व पर शब्द कीर्तन और लंगर का आयोजन किया गया। इसमें दो हजार के करीब संगत ने प्रसाद ग्रहण किया।
वहीं, उपमंडल भोरंज के अंतर्गत बैलग गांव में भी गुरु नानक देव के प्रकाश पर्व पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। ग्रामीणों अधिवक्ता दिनेश संधू, भाग सिंह, रतन चंद, हेम राज, प्रीतम चंद, दीप चंद, जीत, धर्म सिंह, रमेश, राजेश और राकेश आदि ने कहा कि प्रत्येक वर्ष ग्रामीण एक साथ मिल कर गुरु नानक देव जी का प्रकाश पर्व मनाते हैं। गुरु पर्व पर गांव में भजन, कीर्तन होता है और प्रभात फेरी भी निकाली जाती हैं।
उधर, ग्राम पंचायत पन्याली के अंतर्गत गुरुद्वारा गुरुग्रंथ साहिब कड़धोह में गुरुनानक जी का प्रकाश पर्व सेवादार हरिसिंह की उपस्थिति में मनाया गया। कार्यक्रम में विशेष रूप से पहुंचे कांग्रेस के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष एवं महासचिव राजेंद्र जार, होशियार सिंह गौतम और संजय चौहान को सेवादार हरिसिंह ने सरोपा भेंट किया गया। इस दौरान राजेंद्र जार ने गुरु नानक देव की शिक्षाओं पर प्रकाश डाला और उपस्थित संगत से उनके आदर्शों पर काम करने का अनुरोध किया। इस दौरान लंगर भी लगाया गया।
नादौन के दसवीं पातशाही में निकाली प्रभात फेरी
नादौन (हमीरपुर)। गुरु नानक देव जी के 553वां प्रकाश उत्सव पर नादौन के ऐतिहासिक गुरुद्वारा दसवीं पातशाही में विशेष कार्यक्रम हुआ। गुरुद्वारा साहिब के मुख्य ग्रंथी सिमरजीत सिंह ने कहा कि गुरु पर्व पर सुबह पांच बजे प्रभात फेरी निकाली गई। श्री अखंड पाठ का सुबह 10 बजे भोग डाला गया और अरदास की गई। इसके बाद शब्द कीर्तन का हुआ। दोपहर के समय अटूट लंगर शुरू किया गया। उन्होंने कहा कि नादौन के ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब का इतिहास में विशेष स्थान है। यहां 10वीं पातशाही गुरु गोविंद सिंह जी अपनी सेना सहित ठहरे थे। मुगलों को हराने के बाद उन्होंने यहां कुछ दिन विश्राम किया था। इस पावन स्थल पर लोगों की गहरी आस्था है। स्थानीय लोगों सहित बाहरी राज्यों से भी काफी संख्या में लोग यहां दर्शन के लिए आते हैं।