संयुक्त कार्यवाही समिति, ग्रामीण विकास विभाग की खंड स्तर पर अनिश्चिकालीन हड़ताल दूसरे दिन में प्रवेश कर गई। शुक्रवार को हड़ताल के दूसरे दिन कंप्यूटर ऑपरेटरों और समस्त ग्राम सेवकों ने बीडीओ कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन किया।
मांगों को लेकर सरकार की कार्यप्रणाली के खिलाफ जमकर हल्ला बोला। कंप्यूटर ऑपरेटरों और ग्राम रोजगार सेवकों ने मांग की है कि जल्द से जल्द उनके लिए नियमितीकरण की पॉलिसी बनाई जाए ताकि उन्हें सम्मानजनक वेतन मिल सके।
साथ ही चेतावनी दी है कि मांगे पूरी न होने तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। कंप्यूटर ऑपरेटरों ने मांग की है कि वे आठ साल से सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन अब तक उन्हें नियमित नहीं किया गया है। विभाग में जूनियर सहायक/क्लर्क के पद पर उन्हें नियुक्त किया जाए।
ग्राम रोजगार सेवक एवं कंप्यूटर ऑपरेटर मनोज चौहान, राजकुमार, अमर जीत, नरेंद्र कुमार, राजदेव, नीलम, ललिता और रंजू आदि ने कहा कि उनकी मांगे जायज हैं। प्रदेश सरकार को चाहिए कि इनकी मांगों को जल्द से जल्द पूरा किया जाए।
इनके हड़ताल पर रहने से मनरेगा कार्य प्रभावित होंगे। मनरेगा कार्य प्रभावित होने से मजदूर वर्ग को मजदूरी नहीं मिल पाएगी। ग्रामीण क्षेत्रों में विकासकार्य भी ठप हो जाएंगे।
कंप्यूटर ऑपरेटरों और ग्राम सेवकों ने सरकार को चेतावनी दी है कि जल्द से जल्द उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया तो उन्हें मजबूरन आंदोलन तेज करना पड़ेगा। इसके लिए सरकार और विभाग जिम्मेवार होंगे।
भोरंज में एपीएमसी के अध्यक्ष प्रेम कौशल हड़ताल पर बैठे ग्राम रोजगार सेवकों और कंप्यूटर ऑपरेटरों से मिले। उन्होंने उनकी मांगों को जल्द मुख्यमंत्री के समक्ष रखने का आश्वासन दिया।