वीरवार को बारिश शुरू होते ही भोटा समेत जिला मुख्यालय की बत्ती गुल हो गई।
भोटा शहर, ग्राम पंचायत अग्घार, मोरसू सुल्तानी, ग्राम पंचायत सौर समेत आसपास के इलाकों में वीरवार को दोपहर बाद बिजली आपूर्ति बंद हो गई, जो शाम को पौने पांच बजे बहाल हो पाई। वहीं खराब मौसम के चलते जिला मुख्यालय हमीरपुर में भी दोपहर साढ़े तीन बजे बत्ती भी गुल हो गई। लगभग दो घंटे बिजली न होने के कारण लोगों व व्यापारियों को परेशानी झेलनी पड़ी। शाम को पौने छह बजे बिजली आने के बाद लोगो को राहत मिली।
बिजली न होने के कारण हीटर इत्यादि न चलने से लोगों को ठंड से जूझना पड़ा। वहीं कार्यालयों के काम धरे ही रह गए। बिजली से चलने वाले सारे उपकरण बंद होने के कारण कारोबार भी ठप रहा। तापमान के एक बार फिर से लुढ़कने के कारण लोगों ने गर्म कपड़े मार्च माह में भी पहनना शुरू कर दिए। बुधवार से पहले धूप हाने के कारण केवल सुबह शाम ही ठंडी हवाएं चलती थी। एक बार फिर सर्दी हो जाने से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है।
वहीं कृषि विशेषज्ञों ने इस बारिश को गेहूं की फसल के लिए वरदान बताया है। जिला में बुधवार से हो रही बारिश से तापमान में गिरावट आई है। लोग एक बार फिर से आग सेंकने को मजबूर हो गए हैं। ठंड के कारण वीरवार को ज्यादातर लोग अपने घरों में ही दुबके रहे। जिस कारण बाजार के कारोबारियों व व्यापारियों पर भी प्रभाव पड़ा।
बिजली बोर्ड भोटा के एसडीओ बतन सिंह मेहला ने कहा कि लदरौर में ट्रांसफार्मर का काम चलने के कारण बिजली आपूर्ति बाधित रही। वहीं बिजली बोर्ड हमीरपुर के एसडीओ आरके आनंद ने कहा कि बिजली लाइनों में तकनीकी खराबी आने के कारण कुछ देर के लिए बिजली आपूर्ति प्रभावित रही है।