हमीरपुर बस स्टैंड पर खड़े बस ऑपरेटर।
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हमीरपुर। जिला हमीरपुर में सोमवार को पहले दिन के मुकाबले मंगलवार को अधिक लोगों ने सार्वजनिक वाहनों और बसों में सफर किया। अधिकतर बसों में 10 से 15 सवारियां नजर आईं जोकि, सोमवार को न के बराबर थीं। मंगलवार को एचआरटीसी ने 47 स्थानीय और 6 अंतर जिला रूटों पर, जबकि निजी बस ऑपरेटरों ने भी 20 लोकल और अंतर जिला रूटों पर सेवाएं प्रदान कीं। मंगलवार से कर्फ्यू में ढील बढ़ने के कारण बाजारों में भी खूब रौनक रही।
जनता के साथ ही कारोबारियों ने भी कर्फ्यू में बढ़ाई ढील का फायदा उठाया। देर शाम तक लोग खरीदारी में जुटे रहे। इसी तरह अधिकतर लोगों ने बसों में यात्रा कर विभिन्न बाजारों में खरीदारी की। जिला प्रशासन ने मंगलवार से कर्फ्यू में ढील का समय बढ़ाकर सुबह 6 बजे से रात 8 बजे कर दिया है। इससे पूर्व कर्फ्यू में ढील का समय सुबह 8 बजे से शाम 4 बजे तक ही था। जिले के भीतर तथा हिमाचल प्रदेश के दूसरे जिलों में आवाजाही के लिए पास की आवश्यकता नहीं है। इसी प्रकार जिला हमीरपुर से अंतरराज्यीय सीमा के पार दूसरे राज्य में एक बार निर्गम (वन-वे एक्जिट) के लिए भी पास की जरूरत नहीं। जिला हमीरपुर से अंतरराज्यीय सीमा के पार जाने और वापस आने (राउंड ट्रिप) संबंधी आवाजाही के मामलों में जिला हमीरपुर में वापस आने के लिए पास बनवाना जरूरी होगा। भारत के अन्य राज्यों से एयरलाइन अथवा रेलवे के माध्यम से जिला हमीरपुर में नागरिकों की प्रविष्टि के लिए पास की आवश्यकता नहीं होगी। देश के अन्य राज्यों से जिला हमीरपुर में वाहनों के माध्यम से आने वाले नागरिकों के लिए प्रवेश पास अनिवार्य होगा। मंडलीय प्रबंधक एचआरटीसी, बस स्टैंड तथा हिमाचल पथ परिवहन निगम की बसों की आवाजाही के लिए जारी शर्तों की अनुपालना सुनिश्चित करेंगे। यदि कोई निजी बस आपरेटर शर्तों का उल्लंघन करता है तो आरटीओ हमीरपुर संबंधित बस को तत्काल जब्त करने के साथ वैधानिक कार्रवाई करते हुए ऐसे निजी बस ऑपरेटर का बस रूट परमिट रद्द कर सकेंगे। उधर, आरटीओ हमीरपुर वीरेंद्र शर्मा ने कहा कि मंगलवार को एचआरटीसी और निजी बसों में सोमवार की अपेक्षा सवारियां की संख्या में वृद्धि हुई है।