संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। जिला परिषद काडर कर्मचारी एवं अधिकारी सोमवार से पेन डाउन हड़ताल पर चले गए हैं। हड़ताल के कारण पंचायतों में दस्तावेजों संबंधी, फील्ड और मनरेगा कार्य प्रभावित हो रहे हैं।
जिले में जिप काडर के 262 कर्मचारी और अधिकारी मौजूद हैं। इन कर्मचारियों में जिले की 90 फीसदी पंचायतों के सचिव हैं। इस कारण जिला की 90 फीसदी पंचायतों में दस्तावेजों संबंधी कार्य प्रभावित हुए हैं। पंचायत सचिवों के हड़ताल पर होने के कारण परिवार नकल, बीपीएल प्रमाण पत्र, राशन कार्ड की एंट्री नहीं हो पाई। वहीं, कनिष्ठ अभियंता और तकनीकी सहायकों के हड़ताल पर होने के कारण फील्ड के कार्य और मनरेगा असेस्मेंट प्रभावित हुई है।
जिला परिषद काडर अधिकारी और कर्मचारी महासंघ के जिला प्रधान अशोक कुमार ने कहा कि 25 जून को हुई राज्य कार्यकारिणी की बैठक में पेनडाउन हड़ताल का निर्णय लिया गया था। इसके बाद जिले भर में इस काडर के कर्मचारी और अधिकारी हड़ताल पर चले गए हैं।
यह पेनडाउन हड़ताल तब तक चलेगी, जब तक सरकार मांग नहीं मानेगी। मांग में कर्मचारियों और अधिकारियों का विलय पंचायतीराज या ग्रामीण विकास विभाग में करना है। उन्होंने कहा कि विलय की अधिसूचना जारी होने तक कर्मचारी हड़ताल पर रहेंगे।
उधर, संघ के हमीरपुर ब्लॉक के अध्यक्ष नरेंद्र कानगो ने कहा कि जिला की 90 फीसदी पंचायतों में जिला परिषद काडर के पंचायत सचिव हैं। उन्होंने कहा कि जब तक मांग पूरी नहीं होती कर्मचारी हड़ताल पर डटे रहेंगे। इस मौके पर ब्लॉक प्रेस सचिव जगदेव, विनोद कुमार, अश्वनी कुमार, विजय कुमार, ज्योति प्रकाश, सुरेश, रविंद्र, बिंटो देवी, कमलेश, सोनिका, लता और अंकिता मौजूद रहे।