हमीरपुर। जिला मुख्यालय का मुख्य बाजार निजी वाहनों का पार्किंग अड्डा बन गया है। रविवार को गांधी चौक से लेकर भोटा चौक तक गाड़ियां नो पार्किंग जोन में खड़ी रहती हैं, जिससे दूसरे वाहन चालकों और राहगीरों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
बाजार में वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध न होने से वाहन चालक अपनी मर्जी से बाजार में वाहनों को पार्क कर रहे हैं, लेकिन विभागीय अधिकारी मूकदर्शक बने हुए हैं, जिसका खामियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों संजय जगोता, अश्वनी कुमार, प्रेमलता, प्रदीप वर्मा, मोहन लाल, आशीष शर्मा, मुन्ना वर्मा, हितेश राणा आदि ने कहा कि सप्ताह के प्रत्येक दिन बाजार में निजी वाहन खड़े रहते हैं।
वाहनों को पार्क करने के लिए उपायुक्त कार्यालय परिसर, नगर परिषद कार्यालय और अन्य कई स्थानों में पार्किंग की सुविधा है, लेकिन कुछ चालक बाजार में अपनी मर्जी के अनुसार बेतरतीब तरीके से वाहन पार्क करके चले जाते हैं। इससे बाजार में सामान उतारने आने वाले मालवाहक वाहन चालकों को काफी दिक्कत झेलनी पड़ती है। सुबह और शाम के समय बाजार में समस्या और अधिक गंभीर हो जाती है। उन्होंने प्रशासन से समस्या का समाधान करने की मांग की है।
कोट
बाजार में नो पार्किंग जोन में खड़े वाहन चालकों के चालान काटे जाएंगे, ताकि यातायात व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाया जा सके। वाहन चालकों से अनुरोध है कि नो पार्किंग जोन में वाहनों को पार्क न करें।
-राज कुमार, ट्रैफिक इंचार्ज, हमीरपुर
हमीरपुर बाजार में बेतरतीव तरीके से नो पार्किंग जोन खड़े वाहन। संवाद