पुलिस के अनुसार बुधवार रात करीब 11:15 बजे रत्न चंद और उनके बेटे विजय कुमार के बीच जमीन पर ऋण लेने को लेकर विवाद हो गया। आरोपी विजय बिजली बोर्ड में टौणीदेवी स्थित कार्यालय में तकनीकी सहायक के पद पर कार्यरत है। वह लंबे समय से कारोबार शुरू करने के लिए बैंक ऋण लेना चाहता था। इसके लिए पिता से जमीन के दस्तावेज और सहमति मांग रहा था। पिता के इन्कार के बाद दोनों में कहासुनी शुरू हुई। आरोप है कि विजय ने गुस्से में आकर पिता के चेहरे, नाक और मुंह पर मुक्कों से कई वार किए। गंभीर चोट लगने से उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे तो मां-बेटे ने उन्हें बताया कि रत्न चंद बरामदे में गिरकर घायल हुए हैं। पुलिस के पहुंचने से पहले दोनों ने खून के निशान साफ कर दिए थे। वीरवार सुबह बिलासपुर से पहुंची फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। जांच में यह भी सामने आया कि रत्न चंद अपनी पत्नी, बेटे और बहू से अलग रहते थे। आशंका है कि वारदात के समय पिता और पुत्र दोनों ने शराब का सेवन किया था।
हत्या के आरोप में बेटे को गिरफ्तार किया है। साक्ष्य मिटाने के आरोप में मृतक की पत्नी को भी गिरफ्तार किया गया है। मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। दोनों को शुक्रवार को अदालत में पेश किया जाएगा। - बलबीर सिंह, एसपी, हमीरपुर
घरेलू विवाद में पहले भी जा चुकी हैं जानें
हमीरपुर जिले में घरेलू विवाद के चलते जान जाने की घटनाएं पहले भी सामने आ चुकी हैं। 28 अप्रैल 2026 को लझयाणी में पिता-पुत्र के विवाद के दौरान बीच-बचाव करने पहुंची रतनी देवी की धक्का लगने से मौत हो गई थी। 17 सितंबर 2025 को थाना भोरंज के बैलग गांव में नौकरी को लेकर हुए विवाद में 22 वर्षीय बेटे ने अपनी मां के सिर पर इस्त्री से वार कर उसकी हत्या कर दी थी।