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Hamirpur (Himachal) News: नए कैंपस की उम्मीदें नहीं हुईं पूरी, फर्नीचर के पेच में उलझी व्यवस्था

Sun, 28 Dec 2025 01:20 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
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हमीरपुर। नए कैंपस मेडिकल कॉलेज जोलसप्पड़ की उम्मीदें इस वर्ष भी पूरी नहीं हो पाई हैं। फर्नीचर के पेच में व्यवस्था उलझ गई है।
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निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज जोलसप्पड़ में करीब 16.25 करोड़ रुपये की लागत से फर्नीचर लगाने का कार्य इस साल भी नहीं हुआ है। करीब दो साल से कार्य अधर में है। इस साल उम्मीद की जा रही थी कि फर्नीचर लगने के बाद मेडिकल कॉलेज को जोलसप्पड़ में शिफ्ट कर दिया जाएगा। अब अगले साल ही फर्नीचर लगने की उम्मीद है।
निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज में फर्नीचर लगाने का जिम्मा अब दोबारा हिमाचल प्रदेश मेडिकल कॉर्पोरेशन लिमिटेड को सौंपा गया है। पहले हॉस्पिटल सर्विसिस कंसलटेंसी कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचसीसीसी) की ओर से फर्नीचर लगाया जाना था। एचसीसीसी के इन्कार के बाद दोबारा जिम्मा कॉरपोरेशन को सौंपा गया है।
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हॉस्पिटल सर्विसिस कंसलटेंसी कॉर्पोरशन लिमिटेड को बीते वर्ष सितंबर में यह कार्य सौंपा गया था, लेकिन एचसीसीसी ने इस कार्य को करने से इन्कार कर दिया था। इससे नए कैंपस में फर्नीचर लगाने का कार्य शुरू होने से पहले ही थम गया था। मेडिकल कॉलेज को नए कैंपस में शिफ्ट करने में लगातार देरी हो रही है। वर्ष 2018 से इस कॉलेज का निर्माण कार्य शुरू हुआ था। सात साल से अधिक का समय हो गया है, लेकिन नया भवन पूरी तरह तैयार नहीं हुआ है।

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280 बिस्तरों का भवन और अकादमिक भवन का निर्माण

प्रथम चरण के तहत मेडिकल कॉलेज हमीरपुर स्थित जोलसप्पड़ में 280 बिस्तरों के अस्पताल और अकादमिक भवन का निर्माण किया गया है। विभिन्न वार्ड में 240 बिस्तर और आईसीयू और आइसोलेशन के बिस्तरों की कुल संख्या 280 के करीब है। कक्षा कक्ष में डेस्क, अस्पताल में बेड व्हीलचेयर इत्यादि की खरीद इस योजना के तहत प्रस्तावित है।

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डेंटल और पैरामेडिकल स्टाफ के लिए आवास बनाने की योजना

जोलसप्पड़ में मेडिकल कॉलेज परिसर के भीतर ही डेंटल और पैरामेडिकल स्टाफ के लिए अलग-अलग ब्लॉक में आवास बनाने की योजना है। जोलसप्पड़ में मेडिकल कॉलेज का अकादमिक भवन और 280 बेड का अस्पताल बनकर तैयार हो गया है। यहां पर फर्नीचर लगाया जाना बाकी है। यहां पर कैंसर अस्पताल, डेंटल कॉलेज, मातृ-शिशु अस्पताल, नर्सिंग कॉलेज के निर्माण को लेकर भी प्रक्रिया चल रही है। ऐसे में यहां पर पैरामेडिकल स्टाफ के आवास के निर्माण के लिए भी कवायद शुरू हो गई है। गत महीने हुई कैबिनेट बैठक में नौ सुपर स्पेशयलिटी विभागों की स्थापना की स्वीकृति दी गई है, जो हमीरपुर के स्वास्थ्य ढांचे को नई ऊंचाई देंगे।
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छह ओपीडी में मरीजों के लिए ऑनलाइन पंजीकरण शुरू

डाॅ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हजीरपुर की छह ओपीडी में मरीजों के लिए ऑनलाइन पंजीकरण सुविधा शुरू की गई है। इसके अलावा आभा आईडी के माध्यम से ओपीडी पर्ची बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई। आभा आईडी से ओपीडी पर्ची बनाने में शुरू में तो दिक्कतें आईं, लेकिन अब यह सामान्य हो गई है।
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