बड़सर(हमीरपुर)। उपमंडल बड़सर के मैहरे बाजार में जन सरोकार कार्यों के लिए प्रस्तावित आंबेडकर भवन का कार्य 11 वर्ष बाद भी पूरा नहीं हो पाया है। हालात ऐसे हैं कि निर्माण कार्य पूर्ण होने से पहले ही भवन खंडहर में बदल गया है।
इससे जन सरोकार के लिए प्रस्तावित योजना शुरू होने से पहले ही बदहाली का शिकार हो गई है। 11 वर्ष पूर्व बल्याह पंचायत में सामुदायिक आंबेडकर भवन बनाने के लिए 50 लाख रुपये का बजट मंजूर हुआ था। पंचायत की ओर से मैहरे बाजार के साथ 20 लाख रुपये की लागत से आंबेडकर भवन बनाया गया था, ताकि लोगों को समाजिक समारोह आयोजित करने की सुविधा मिल सके, लेकिन भवन की दीवारों का कार्य पूर्ण होने के बाद आगामी 30 लाख रुपये का बजट जारी न होने से निर्माण कार्य अधर में रुक गया, जो कि अभी तक पूरा नहीं हो पाया है।
स्थानीय लोगों में शमशेर सिंह, निर्मला, नरेश, सपना, राकेश, प्रदीप, स्वरूप चंद, जगदीश राणा, मोहन ठाकुर आदि ने कहा कि लोगों की सुविधा के बनाया जाने वाला भवन उदासनीता का शिकार हो गया है। अधूरा निर्माण कार्य, सरकार की अनदेखी भवन को खंडहर बनाने में सहायता कर रहे हैं।
वर्षों बाद भी भवन में छत लगाने और सौंदर्यींकरण को लेकर कार्य नहीं हो पाया है, जिसका खामियाजा ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2022 में विधानसभा चुनावों के दौरान राज्य सभा सांसद डॉक्टर सिकंदर कुमार ने भवन के जीर्णोद्धार के लिए 10 लाख रुपये की राशि जारी करने का आश्वासन दिया था, लेकिन अभी तक पंचायत कार्यालय में कोई भी बजट नहीं आया है।
कोट
बजट के अभाव में आंबेडकर भवन का निर्माण कार्य अधर में रुका हुआ है। बजट राशि मिलने के बाद भवन का निर्माण कार्य किया जाएगा। सामाजिक समारोह आयोजनों को लेकर पंचायत की ओर से भवन का निर्माण कार्य करवाया जा रहा था, लेकिन बजट के अभाव में कार्य अधर में रुका हुआ है। इससे भवन खंडहर बनता जा रहा है।
-वीरू जसवाल, प्रधान, बल्याह पंचायत