हमीरपुर। जिले में पंचायत चुनावों के बीच भाजपा समर्थित प्रत्याशियों के नामांकन रद्द होने का मामला अब सियासी और कानूनी दोनों मोर्चों पर गरमा गया है।
जिला परिषद वार्ड चमनेड़ और मालग के बाद अब महल वार्ड में भी भाजपा समर्थित प्रत्याशी का नामांकन रद्द होने से पार्टी ने इसे सुनियोजित साजिश करार दिया है, जबकि दो प्रत्याशी हाई कोर्ट पहुंच चुके हैं।
भोरंज विधानसभा क्षेत्र के महल जिप वार्ड में भी भाजपा समर्थित प्रत्याशी अंजना कुमारी का नामांकन रद्द हो गया है। नामांकन में प्रत्याशी से जुड़े एक एनजीओ की ओर से वित्तीय लेनदेन से जुड़े मामले की जानकारी छिपाने के आरोप लगाए गए थे, जिसके आधार पर यह नामांकन रद्द किया गया है।
हालांकि अंजना कुमारी ने इस फैसले को न्यायालय में चुनौती देने का ऐलान किया है। महल वार्ड से अब मधुबाला, संतोष कुमारी और अनिता चुनावी मैदान में रह गई हैं।
उधर, चमनेड़ वार्ड से भाजपा समर्थित प्रत्याशी रोहित शर्मा उर्फ हैप्पी पहलवान ने भी हाईकोर्ट में चुनावी याचिका दायर कर दी है। उनका नामांकन करीब दो दशक पहले उनके दादा द्वारा सरकारी भूमि पर कब्जे के नियमितीकरण के लिए दी गई अर्जी के आधार पर रद्द किया गया था।
रोहित शर्मा का कहना है कि संबंधित भूमि पर न तो उनका और न ही उनके परिवार का कोई कब्जा है। मालग वार्ड में भाजपा ने वंदना को समर्थित प्रत्याशी घोषित कर दिया है, जबकि चमनेड़ और महल वार्ड में अब सबकी नजर हाईकोर्ट के फैसले पर टिकी है। अदालत के आदेश के बाद ही इन दोनों वार्डों की तस्वीर साफ होगी।
कोट्स
हाईकोर्ट में चुनावी याचिका दायर की जाएगी। नामांकन में हर जानकारी पूरी स्पष्टता के साथ दी गई थी। कांग्रेस सरकार ओछी राजनीति पर उतर आई है। जनता इसका जवाब जरूर देगी।
-अशोक ठाकुर, अध्यक्ष, भाजपा मंडल भोरंज
रोहित शर्मा के परिवार का सरकारी भूमि पर कोई कब्जा नहीं है। हाई कोर्ट में चुनावी याचिका दायर की गई है।
-आशीष शर्मा
जिताऊ उम्मीदवारों के नामांकन रद्द करवाने में जुटी सरकार : भाजपा
हमीरपुर। हमीरपुर से भाजपा जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर ने मीडिया को दिए बयान में आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार अफसरशाही तंत्र का दुरुपयोग कर भाजपा के जिताऊ उम्मीदवारों के नामांकन रद्द करवाने में जुटी है। उन्होंने कहा कि सरकार पहले पंचायत चुनाव करवाने से बचती रही और अब चुनाव होने पर साजिशी हथकंडों के जरिए भाजपा प्रत्याशियों का मनोबल तोड़ने की कोशिश कर रही है।
ससुर के सरकारी भूमि पर अतिक्रमण से बहू का नामांकन रद्द
हमीरपुर। पंचायतीराज चुनाव में करीब 14 वर्ष पुराने सरकारी भूमि अतिक्रमण का मामला बहू के नामांकन पर भारी पड़ गया। मझोग सुल्तानी पंचायत में प्रधान पद के लिए मैदान में उतरी चंद्रेश कुमारी का नामांकन रद्द कर दिया गया। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि उनके ससुर द्वारा सरकारी जमीन पर अतिक्रमण किया गया था। तीन प्रत्याशियों वाले इस मुकाबले में नामांकन रद्द होने के बाद अब चुनाव सीधा आमने-सामने का रह गया है। चंद्रेश कुमारी के पति चंद्रशेखर ने इसे साजिश करार दिया है।