डलहौजी हिलटॉप स्कूल के वार्षिक समारोह ‘विरासत-2026’ में हिमालयी पर्यावरण संरक्षण का आह्वान
98.8 प्रतिशत अंक लेकर जिला में प्रथम रहे अक्षय कुमार सम्मानित
संवाद न्यूज एजेंसी
डलहौजी (चंबा)। हिमाचल के राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने कहा कि देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और पारंपरिक मूल्यों को संरक्षित रखते हुए युवाओं को आधुनिक ज्ञान, विज्ञान और तकनीक अपनानी चाहिए।
इससे वे भविष्य की चुनौतियों का सामना करने में सक्षम बनेंगे। वह शुक्रवार को डलहौजी हिलटॉप स्कूल के वार्षिक समारोह ‘विरासत-2026’ में संबोधित कर रहे थे।
राज्यपाल ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल अच्छे अंक हासिल करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में तार्किक सोच, रचनात्मकता, व्यावहारिक ज्ञान और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करना भी है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 कौशल विकास और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर जोर देती है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत-2047 के लक्ष्य को पूरा करने में युवाओं की अहम भूमिका होगी। इसके लिए उनका ज्ञानवान, आत्मनिर्भर, अनुशासित और नवाचारी होना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता, रोबोटिक्स और डिजिटल शिक्षा से विद्यार्थियों के लिए नए अवसर खुल रहे हैं। हालांकि, तकनीकी ज्ञान के साथ नैतिकता और मानवीय मूल्यों को बनाए रखना भी आवश्यक है। राज्यपाल ने सीबीएसई दसवीं की परीक्षा में शत-प्रतिशत परिणाम हासिल करने पर स्कूल प्रबंधन और शिक्षकों को बधाई दी। जम्मू-कश्मीर निवासी अक्षय कुमार को जमा दो की परीक्षा में 98.8 प्रतिशत अंक लेकर चंबा जिले में प्रथम स्थान हासिल करने पर सम्मानित किया। लद्दाख निवासी अली अकबर को भी सम्मानित किया गया।
राज्यपाल ने विद्यार्थियों से जल, जंगल और जमीन का संरक्षण करने तथा पर्यावरण अनुकूल जीवनशैली अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि सफलता का आकलन केवल अंकों से नहीं, बल्कि चरित्र, व्यवहार और समाज के प्रति योगदान से भी होता है।
समारोह में पूर्व मंत्री आशा कुमारी, एसडीएम अनिल भारद्वाज, डीएसपी मयंक शर्मा, सेना और वायु सेना के वरिष्ठ अधिकारी, स्कूल प्रबंधन, अभिभावक और अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे। विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर समारोह को यादगार बनाया।