पांगी (चंबा)। जिले के दुर्गम जनजातीय क्षेत्र पांगी में मौसम ने करवट ले ली है और रविवार को दोपहर बाद घाटी में बर्फबारी का दौर शुरू हो गया। किलाड़ मुख्यालय में देर शाम तक 7.62 सेंटीमीटर और चस्क, सुराल, हिलूटवान, परमार भटौरी और हुडान जैसे ऊपरी गांवों में 15.24 सेंटीमीटर तक ताजा हिमपात हुआ। इससे पूरा इलाका कड़ाके की ठंड की चपेट में आ गया है।
मुख्यालय किलाड़ समेत पूरी घाटी में बर्फ की सफेद चादर बिछ गई है। इस बर्फबारी के बाद पांगी में जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है। लगातार हो रही बर्फ के कारण तापमान में भारी गिरावट आई है और लोग अपने घरों में दुबकने को मजबूर हो गए हैं।
उधर, पांगी के उपमंडल अधिकारी अमनदीप ने बताया कि मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है और घाटी के कई हिस्सों में रुक-रुक कर बर्फबारी हो रही है। उन्होंने लोगों को सख्त हिदायत दी है कि वे संवेदनशील क्षेत्रों और नदी-नालों के करीब न जाएं।
रूट पर भेजी बसों की मुख्यालय में होगी वापसी
मौसम के इस बिगड़ते मिजाज का सीधा असर परिवहन सेवाओं पर पड़ा है। सड़कों पर फिसलन बढ़ने और खतरे को भांपते हुए एचआरटीसी तुरंत हरकत में आ गया। पांगी घाटी के मुख्यालय किलाड़ से जो एचआरटीसी की बसें विभिन्न रूटों पर रवाना हुई थीं, उन्हें डिपो प्रभारी के आदेश पर वापस मुख्यालय बुला लिया गया है। सुरक्षा के मद्देनजर रखते हुए कुछ रूटों के यात्रियों को पैदल गंतव्य तक पहुंचाना पड़ा।