चंबा। जिले में 48 मेगावाट वाले पावर हाइड्रो प्रोजेक्ट चांजू-तीन का निर्माण कार्य एक महीने से ग्रामीणों ने बंद करवा रखा है। कंपनी ने महीने पहले जिन 50 मजदूरों को नौकरी से निकाला था। उन्हें वापस नौकरी पर रखने के लिए स्थानीय लोग अड़े हैं। साथ ही बरसात के दौरान गांव में जो भी नुकसान प्रोजेक्ट के कारण हुआ है। उसके बदले में कंपनी से मुआवजे की मांग की जा रही है।
अभी तक प्रोजेक्ट निर्माण कंपनी ने ग्रामीणों इन दोनों मांगों को पूरा करने के लिए हामी नहीं भरी है। इसके चलते ग्रामीणों ने प्रोजेक्ट कार्य को बंद रखने का निर्णय लिया है। कोई भी स्थानीय लोग जो वहां पर कार्य कर रहा है। वह अब काम पर नहीं जा रहा है। साथ ही लोगों ने कंपनी प्रबंधन को यह भी चेतावनी दे रखी है कि यदि उनकी मांगे पूरी किए बगैर कार्य शुरू करने का प्रयास किया गया तो ग्रामीण किसी भी हद तक जा सकते हैं। ऐसे में कंपनी भी कार्य शुरू करने में डर रही है। निर्माण कार्य को बंद हुए एक महीना बीतने लगा है। ऐसे में इस प्रोजेक्ट को तय समयावधि में पूरा करना कंपनी के लिए मुश्किल हो सकता है। इससे पहले भी कई बार निर्माण कार्य बाधित हो चुका है। स्थानीय लोग इसी बात को लेकर अड़े हैं कि उन्हें प्राथमिकता के आधार पर रोजगार दिया जाए। साथ ही नुकसान के बदले में मुआवजा दिया जाए। उधर, देहरा पंचायत प्रधान चैन लाल ने बताया कि मंगलवार को कंपनी के साथ बैठक बेनतीजा रही। अब यह बैठक 24 अक्तूबर को रखी गई है। उसमें यदि कंपनी निकाले गए लोगों को वापस रखने की हामी भरती है तो निर्माण कार्य शुरू होने दिया जाएगा।