चंबा। बारिश में बार-बार भूस्खलन से बंद होने वाला भरमौर-पठानकोट हाईवे को हर मौसम में खुला रखने के लिए हाईवे प्रबंधन ने योजना तैयार कर ली है। इस योजना के तहत बग्गा से भरमौर के बीच तीन सुरंगों और चार पुलों का प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा है। लगभग 1350 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना को मंजूरी मिलते ही निर्माण कार्य आरंभ होगा। प्रस्ताव के अनुसार बग्गा, लोथल और दुनाली के बीच कुल 4.5 किलोमीटर लंबी तीन सुरंगें और चार प्री-स्ट्रेस्ड कंक्रीट ब्रिज बनाए जाएंगे। जिले में पहली बार सुरंगों के निर्माण से मणिमहेश यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं का सफर भरमौर तक आसान हो जाएगा।
इस मानसून सीजन में भरमौर-पठानकोट हाईवे पर जगह-जगह भूस्खलन हुआ और सैकड़ों श्रद्धालुओं के वाहन फंसे रहे।मणिमहेश यात्रा में आई आपदा में फंसे हजारों श्रद्धालुओं की घर वापसी मुश्किल हो गई। हाईवे प्रबंधन को इस प्राकृतिक आपदा में करोड़ों की क्षति पहुंची हैं। ऐसे में हाईवे प्रबंधन इस हाईवे को नया रूप देने की तैयारी में है। प्रबंधन की ओर से अत्यधिक भूस्खलन ग्रस्त क्षेत्र और दयनीय हाईवे वाले स्थानों पर सुरंगें बनाने की योजना हैं। फोरलेन की जगह यहां हाईवे को चौड़ा किया जाएगा और सुरंगों और पुलों से लोगों का सफर सुगम बनाया जाएगा।
बागवानों को होगा फायदा
हाईवे पर सुरंग-पुल बनने से भरमौर-होली उपमंडल के सैकड़ों बागवानों को क्षेत्र से सेब बाहरी मंडियों में पहुंचाना आसान हो जाएगा। वर्तमान में हाईवे की हालत खराब होना बागवानों की कड़ी परीक्षा ले रहा है।
ओडिशा की कंपनी ने किया है सर्वे, पहाड़ों को नुकसान पहुंचाए बिना बनेगा डबललेन
एनएच प्राधिकरण ने एनएच को डबललेन करने की संभावना तलाशने का ओडिशा की कंपनी को सर्वे का काम सौंपा था।कंपनी के इंजीनियरों ने छह महीने तक चंबा से भरमौर तक सभी स्थानों का बारीकी से सर्वेक्षण किया। इंजीनियरों ने इसकी संभावनाएं भी तलाशी कि पहाड़ों को नुकसान पहुंचाए बिना कैसे एनएच को डबललेन बनाया जाए। कई जगह सुरंगों के निर्माण करने को लेकर भी संभावनाएं तलाशी गई। प्राधिकरण ने इस रिपोर्ट के आधार पर प्रस्ताव बनाकर केंद्र सरकार को भेजा है, जिसे बस हरी झंडी मिलना बाकी है।
बग्गा से भरमौर तक साढ़े चार किमी की तीन सुरंगों के साथ चार पुलों के निर्माण का प्रस्ताव बना केंद्र सरकार को भेजा है। इसकी स्वीकृति मिलने पर निर्माण कार्य आरंभ करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। मीत शर्मा, अधिशासी अभियंता, एनएच मंडल चंबा