चंबा। महिलाओं के जीवन में शिक्षा वह हथियार है जिसके बल पर बड़ी से बड़ी सफलता को आसानी से हासिल किया जा सकता है।
सेंटर अकादमी चंबा में शनिवार को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से 100 मिलियन स्माइल्स कार्यक्रम का आयोजन किया गया। युवतियों को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि और सेंटर संचालक नावेद अंजुम ने यह बात कही। कहा कि वर्तमान में लड़का-लड़की को एक समान समझा जाता है लेकिन कई ग्रामीण क्षेत्रों में निरक्षरता के कारण आज भी बच्चियों को पांचवीं कक्षा के बाद दूरदराज केे स्कूलों में अकेले भेजने में परिजन झिझकते हैं। ऐसी संकीर्ण सोच वाले ग्रामीणों की सोच को शिक्षित महिलाएं ही बदल सकती हैं।
सरकार, प्रशासन, शिक्षा विभाग और कई निजी शैक्षणिक संस्थानों की ओर से लोगों में शिक्षा की अलख जगाने के लिए भरसक प्रयास किए जा रहे हैं। उदाहरण के तौर पर उनकी अकादमी में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने के लिए युवतियां पहुंचती हैं। उन्हें कोचिंग के दौरान विशेष छूट दी जाती है। अब तक सैकड़ों युवतियां अकादमी से शिक्षा ग्रहण कर आज सरकारी और गैर सरकारी संस्थाओं में उच्च पदों पर आसीन हैं। शिक्षक नेहा कुमारी ने कहा कि अकादमी में वह मल्टी कोचिंग का प्रशिक्षण देती हैं। कहा कि युवतियों को आगे बढ़ने के लिए प्रयास करते रहने चाहिए। उन्होंने अमर उजाला के प्रयास की काफी सराहना की।
प्रशासनिक सेवा में जाना है लक्ष्य : वर्षा
वर्षा कुमारी ने कहा कि मदर टेरेसा के विचारों से वह काफी प्रभावित हैं। उनका लक्ष्य प्रशासनिक सेवा में जाना है। इसके लिए वह अकादमी में कोचिंग ले रही हैं। प्रशासनिक अधिकारी बनकर वह अपने समाज और क्षेत्र के लिए कुछ बेहतर करने के लिए प्रयास करेंगी।
अमर उजाला का प्रयास सराहनीय : याशिका
याशिका ने कहा कि महिलाओं को आगे लाने के लिए अमर उजाला का प्रयास काफी सराहनीय है। महिलाओं को भी अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहना चाहिए। उन्हें हरेक परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार रहना चाहिए, तभी महिलाएं अपराजिता बन सकती हैं।
सही समय पर लें सही निर्णय : उष्मा
उष्मा कुमारी ने कहा कि शिक्षा ही ऐसा हथियार है जिसके बल पर महिला अपना और परिवार का भविष्य संवार सकती है। बस उसे सही समय पर सही निर्णय लेने की सोच होनी चाहिए। महिलाएं शिक्षा के बलबूते ही शासन-प्रशासन तक चलाने का हौसला रखती हैं।