हिमाचल संस्कृत अकादमी शिमला द्वारा चौरासी परिसर भरमौर के शिवालिक पब्लिक स्कूल के सभाकक्ष में राज्य स्तरीय दो दिवसीय महा कवि कालीदास सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस मौके हिमाचल संस्कृत अकादमी के सचिव डॉ. मस्त राम शर्मा ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की।
कवि सम्मेलन के दौरान प्रेम लाल गौतम द्वारा कालीदास की रचना में राष्ट्रीयता की भावना विषय पर अपना शोध पत्र प्रस्तुत किया गया। समारोह में आए विद्वानों द्वारा चर्चा-परिचर्चा की गई। कवि सम्मेलन में डॉ. प्रेम लाल गौतम, आचार्य इंद्रजीत गुलेरिया, आचार्य अशोक शर्मा, कमल कुमार शर्मा, दिनेश अत्री, अर्जुन नरयाल और डॉ. विवेक शर्मा द्वारा अपनी कविताओं का पाठ किया गया। कार्यक्रम के मुख्यातिथि ने संबोधन में कहा कि संस्कृत संसार की सर्वप्रथम और वैज्ञानिक रूप से शुद्ध भाषा है। हिमाचल सरकार और हिमाचल संस्कृत अकादमी संस्कृत भाषा के प्रचार प्रसार के लिए निरंतर प्रयत्नशील है।