चंबा। चौगान को भले ही लोगों के टहलने के लिए प्रशासन ने खोल दिया है, लेकिन लोग असुरक्षा के माहौल में चौगान में टहल रहे हैं। उन्हें फुटबाल और क्रिकेट गेंद से किसी भी समय चोटिल होने का डर सताता रहता है।
चौगान के हर कोने पर युवा या तो फुटबाल या क्रिकेट खेलते रहते हैं। इस वजह से चौगान में टहलने वालों को चोटिल होने का खतरा बना रहता है। कई युवा और बच्चे इसमें चोटिल भी हो चुके हैं। बावजूद इसके अभी तक प्रशासन चौगान में इन खेलों को बंद नहीं करवा पाया है। हालांकि, चौगान में हॉकी, फुटबाल और क्रिकेट खेलने पर पूर्ण से प्रशासन ने प्रतिबंध लगाया है। इसको लेकर चौगान किनारे चेतावनी बोर्ड भी लगाया है, लेकिन रोजाना चौगान में प्रतिबंध के बावजूद क्रिकेट और फुटबाल खेला जा रहा है। इस वजह से लोग अपने बच्चों को चौगान में टहलने के लिए लेकर जाने से कतरा रहे हैं। गर्मी के मौसम में शाम के समय शहर वासी अपने बच्चों को लेकर टहलने के लिए चौगान में पहुंचते हैं, लेकिन शाम के समय जिस प्रकार से चौगान में खेल प्रक्रियाएं की जा रही हैं। उससे लोग अपने बच्चों को लेकर असुरक्षा महसूस कर रहे हैं। शहर वासियों में जय सिंह, विनोद कुमार, सुरेश ठाकुर, किशोर, मनोज कुमार, अजय कुमार और योगेश ने जिला प्रशासन से मांग की है कि चौगान में इस प्रकार की गतिविधियों पर रोक लगाई जाए। किसी प्रतियोगिता के तहत ही चौगान में खेल क्रियाएं करवाई जाएं। ताकि लोग टहलते समय चोटिल न हो सकें।