प्याज 70 रुपये किलो पहुंचा, चार माह में सरसों तेल के दाम 40 से 50 रुपये तक बढ़े
पहले से ही महंगाई की मार से पहले ही परेशान चल रहे लोगों की बढ़ीं परेशानियां
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। महंगाई की मार से पहले ही परेशान चल रहे लोगों की मुश्किलें प्याज और सरसों तेल के बढ़ते दामों ने बढ़ा दी हैं। चंबा में प्याज की कीमतों में इसी माह लगातार तीन बार बढ़ोतरी हो चुकी है।
14 अगस्त को प्याज 50 रुपये प्रति किलोग्राम बिका था। यह 20 अगस्त को 60 रुपये और 22 अगस्त को 70 रुपये प्रति किलोग्राम पहुंच गया। कारोबारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में प्याज के दाम 80 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच सकते हैं।
सरसों तेल की कीमतों में भी पिछले चार माह से लगातार बढ़ोतरी का दौर जारी है। अप्रैल में मयूर सरसों तेल 170 रुपये और पी मार्का 180 रुपये प्रति लीटर था। अब दोनों ब्रांड के दाम बढ़कर क्रमश: 210 और 220 रुपये प्रति लीटर पहुंच गए हैं। यानी चार माह के दौरान सरसों तेल के दाम में करीब 40 से 50 रुपये की बढ़ोतरी हुई है। रोजमर्रा की जरूरत की इन वस्तुओं के महंगे होने से गृहणियों को घरेलू बजट संभालना मुश्किल हो रहा है।
प्याज के दाम में तीन बार बढ़ोतरी
सब्जी विक्रेता शौकत अली ने बताया कि प्याज के दामों में बढ़ोतरी इसी माह शुरू हुई है। 14 अगस्त को 50 रुपये, 20 अगस्त को 60 रुपये और 22 अगस्त को प्याज 70 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में दाम 80 रुपये तक पहुंचने की संभावना है।
महंगे तेल से ग्राहक भी परेशान
कारोबारी सार्थक महाजन ने बताया कि सरसों तेल के दाम पिछले चार माह से लगातार बढ़ रहे हैं। कीमतों में बढ़ोतरी के कारण ग्राहक अब जरूरत के मुताबिक ही तेल खरीद रहे हैं और अधिक मात्रा में खरीदारी से परहेज कर रहे हैं।
पहले चीनी के बढ़ते दाम परेशान कर रहे थे। अब सरसों तेल और प्याज महंगा होने से रसोई का बजट बिगड़ गया है। - ताज बीबी
प्याज और सरसों तेल रोजमर्रा की जरूरत की वस्तुएं हैं। इनके दाम बढ़ने से आम परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। - शमशा
विभाग की ओर से जमाखोरी को लेकर समय-समय पर निर्देश दिए जाते हैं। शहरी क्षेत्र में व्यवस्था की जांच भी की जा रही है। फिलहाल जमाखोरी का कोई मामला सामने नहीं आया है। विभाग के पास जांच-पड़ताल के लिए पर्याप्त स्टाफ उपलब्ध है। - कर्ण ठाकुर, नियंत्रक, जिला खाद्य एवं आपूर्ति