चंबा। जिला चंबा के बागवानों के लिए खुशखबरी है, क्योंकि इस बार उद्यान विभाग 25 हजार फलदार पौधे बांटेगा। इन पौधों में सेब, अखरोट, प्लम और नाशपाती के पौधे शामिल होंगे, जो विभाग की नर्सरी में तैयार किए गए हैं।
बारिश और बर्फबारी के बाद बगीचों में नमी आ गई है, और बागवानों ने नए पौधे लगाने के लिए गड्ढे खोदने का कार्य शुरू कर दिया है। इस समय पौधे लगाने के लिए सबसे उपयुक्त है, और विभाग का दावा है कि यदि बागवानों को अतिरिक्त पौधों की आवश्यकता हुई, तो उन्हें भी उपलब्ध कराया जाएगा। मार्च तक नए पौधे लगाने का समय होता है, और इस दौरान बागवानों को सभी आवश्यक पौधे दिए जाएंगे।
चंबा जिले के भरमौर, होली, सलूणी और चुराह में सेब, अखरोट, प्लम और नाशपाती की पैदावार होती है, जिससे बागवान अपनी आजीविका कमाते हैं। हालांकि लंबे समय से सूखा पड़ने से बागवानों की चिंता बढ़ गई थी, लेकिन बारिश और बर्फबारी के बाद उनकी उम्मीदें फिर से जागी हैं। अब बागवान अपने बगीचों में गड्ढे खोदने के काम में जुट गए हैं, जबकि विभाग ने भी पौधों का वितरण करने की तैयारियां पूरी कर ली हैं।
उद्यान विभाग के उपनिदेशक डॉ. प्रमोद शाह ने बताया कि विभाग के पास लगभग 25 हजार फलदार पौधे उपलब्ध हैं, जो विभाग की नर्सरी में तैयार किए गए हैं। बागवानों को यह पौधे जल्द ही वितरित किए जाएंगे। उन्होंने बागवानों से आग्रह किया कि जिन बागवानों ने गड्ढे नहीं खोदे हैं, वे जल्द से जल्द यह काम शुरू कर दें।