ड्रोन से हो रही जंगलों की निगरानी, आग लगाने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
बनीखेत (चंबा)। वन अग्नि की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण और जंगलों की सुरक्षा के लिए डलहौजी वन मंडल ने आधुनिक तकनीक का सहारा लिया है। अब वन विभाग की तीसरी आंख आसमान से जंगलों पर नजर रख रही है।
विभाग ड्रोन (यूएवी) के माध्यम से वन क्षेत्रों की लगातार निगरानी कर रहा है। इसी कड़ी में नगाली बीट के वन क्षेत्र में ड्रोन आधारित निगरानी अभियान चलाया गया। अभियान का उद्देश्य वन क्षेत्र की स्थिति का आकलन करना और आग लगने की संभावनाओं और अन्य गतिविधियों पर नजर रखना था। वन विभाग ने चेतावनी दी है कि जंगलों में आग लगाने, आग लगाने का प्रयास करने अथवा ऐसी किसी भी गतिविधि में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों की पहचान ड्रोन की सहायता से की जाएगी। दोषियों के विरुद्ध वन एवं पर्यावरण संरक्षण संबंधी प्रावधानों के तहत कानूनी कार्रवाई करते हुए नियमानुसार दंड दिया जाएगा। विशेष निगरानी अभियान का नेतृत्व डलहौजी वन मंडल के डीएफओ रजनीश महाजन ने किया। ड्रोन संचालन की जिम्मेदारी शेरपुर बीट प्रभारी असीना ने संभाली। अभियान में डलहौजी के आरएफओ राहुल ठाकुर तथा बनीखेत के वन रक्षक मुकुल बाबरा भी शामिल रहे। वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे जंगलों में आग लगने की घटनाओं को रोकने में सहयोग करें। संदिग्ध गतिविधि की सूचना विभाग को दें। विभाग का मानना है कि आधुनिक तकनीक के उपयोग से वन संपदा की बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी।