चंबा। नगर परिषद की ओर से शहर में कचरा प्रबंधन व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए नई पहल शुरू की गई है। अब शहरवासी सड़क या वार्ड में रखे कूड़ादान में कूड़ा डालने के बजाय घरों से सफाई कर्मियों को गीला और सूखा कचरा देंगे।
नगर परिषद का कहना है कि इससे शहर की सफाई व्यवस्था बेहतर होगी और सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी भी नहीं फैलेगी। लोगों को गीला और सूखा कचरा अलग-अलग देने के लिए नगर परिषद की ओर से विशेष जागरूकता अभियान शुरू किया गया है। सफाई कर्मचारी और नगर परिषद की टीमें घर-घर जाकर लोगों को इस नई व्यवस्था की जानकारी दे रही हैं।
नगर परिषद की वरिष्ठ कार्यकारी अधिकारी राखी कौशल ने बताया कि इस व्यवस्था से कचरे के निस्तारण में आसानी होगी और स्वच्छता अभियान को मजबूती मिलेगी। साथ ही शहर को साफ-सुथरा और सुंदर बनाए रखने में भी मदद मिलेगी। इसी क्रम में सोमवार को शहरी विकास निदेशालय हिमाचल प्रदेश के संयुक्त तत्वावधान में स्वच्छ भारत मिशन शहरी 2.0 के अंतर्गत डीआरडीए हरदासपुरा सभागार में एक दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन किया गया।
स्वच्छ भारत मिशन शहरी 2.0 के उद्देश्य, ठोस एवं तरल कचरा वर्गीकरण, घरेलू और बल्क वेस्ट, स्वच्छ सर्वेक्षण, कचरा प्रबंधन रणनीतियाँ, व्यवहार परिवर्तन, नेतृत्व एवं संचालन, और ठोस कचरा प्रबंधन नियम 2016 के मुख्य बिंदु पर चर्चा की गई।
नगर परिषद चंबा की अध्यक्षा नीलम नैयर, चंबा और डलहौजी की वरिष्ठ कार्यकारी अधिकारी राखी कौशल सहित नगर पंचायत चुवाड़ी के कर्मचारी उपस्थित रहे। हाईफीड की ओर से ज्ञान प्रकाश मिश्रा, प्रकाश दत्त भाटिया, अनिल और सुभाष शर्मा ने प्रशिक्षण में मार्गदर्शन किया। कार्यशाला का उद्देश्य नगर परिषदों और नागरिकों को कचरा प्रबंधन में सशक्त बनाना और स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।