उपमंडल भरमौर में पंचायत चुनाव की तारीख नजदीक आने से नुक्कड़ व गलियों में महफिलों का दौर शुरू हो गया है। संभावना है कि महफिलों का यह दौर बुधवार देर शाम तक यूं ही चलता रहेगा।
हालांकि चुनाव आयोग की ओर से ऐसी महफिलों पर कड़ी पाबंदी लगाते हुए कड़ी नजर रखी हुई है लेकिन फिर भी पंचायतीराज चुनाव में भाग्य आजमा रहे वार्ड पंच से लेकर प्रधान पद तक के उम्मीदवार अपनी सांठगांठ करने के लिए हर प्रकार का हथकंडा अपनाए हुए हैं।
एक-एक वोट पर सेंध मारने के लिए प्रत्याशी नीति का सहारा ले रहे हैं। कही-कहीं पर एक उम्मीदवार के पक्ष में हवा बह रही है, तो उस हवा के रुख को मोड़ने के लिए दूसरा प्रत्याशी साम- -दाम-दंड-भेद का प्रयोग करने से भी नहीं हिचक रहें हैं। इसके चलते मौजूदा समय में उपमंडल भरमौर का वातावरण राजनीतिक व चुनावी सरगर्मियों से गर्माया हुआ है और यह गर्माहट वीरवार को होने वाले मतदान तक जारी रहने वाली है।
दूसरी ओर उम्मीदवारों की ओर से वोटर लिस्ट पर निगरानी करके जो मतदाता क्षेत्रों से बाहर हैं उन्हें लाने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं ताकि वह अपनी जीत सुनिश्चित कर सके। वैसे तो चुनाव आयोग की ओर से मतदाताओं को प्रलोभन देने वालों पर कार्रवाई करने की बात की जा रही है लेकिन अधिकतर उम्मीदवार इतने शातिर हैं कि वह स्वयं अपने जेब से पैसे देकर वोटरों को बसों व निजी वाहनों से क्षेत्र में पहुंचाने में जुटे हुए हैं।