अमर उजाला ब्यूरो
चुवाड़ी (चंबा)। क्षेत्र की 50 हजार की आबादी के लिए बने सिविल अस्पताल चुवाड़ी में चिकित्सकों की भारी कमी चल रही है। इस वजह यहां इलाज के लिए आने वाले मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। डॉक्टरों की कमी के कारण ओपीडी में कतारें लगी रहती हैं और घंटों के बाद भी उन्हें निराश होकर लौटना पड़ता है। हालत यह है कि अस्पताल में कई विभाग बिना विशेषज्ञ डॉक्टरों के ही चल रहे हैं। इसमें स्त्री रोग और शिशु रोग विभाग शामिल है। मजबूरी में मरीजों को चंबा या टांडा अस्पताल जाकर उपचार करचाना पड़ता है। यही वजह है कि क्षेत्र के लोग डॉक्टरों के पद भरने की मांग को लेेकर अनशन करने को मजबूर है।
हैरानी इस बात की है कि इस आंदोलन को चलते हुए 25 दिन हो चुके हैं। मगर सरकार की तरफ से अभी तक अस्पताल में चिकित्सकों के पदों को नहीं भरा गया है। अस्पताल में चिकित्सीय स्टाफ समेत पेरामेडिकल स्टाफ के पद लंबे अरसे से खाली पड़े हैं। सीविल अस्पताल चुवाड़ी में हर रोज 250 से 300 तक ओपीडी रहती है। चुवाड़ी अस्पताल में दूर-दराज के गांवों से मरीज उपचार करवाने के लिए पहुंचते हैं। वर्तमान समय में 50 बेडों वाले सिविल अस्पताल चुवाड़ी में आठ चिकित्सकों के पद स्वीकृत हैं।
मगर इसमें से चार पद खाली चल रहे हैं। इतना ही नहीं, अस्पताल में चीफ फार्मासिस्ट का एक पद, चीफ लैब तकनीशियन का पद भी खाली है। वहीं अस्पताल में स्वीकृत नर्सों के आठ पदों में से दो पद खाली चल रहे हैं। चिकित्सीय और पैरामेडिकल स्टाफ के पद खाली होने से दूर-दराज के क्षेत्रों से इलाज करवाने के लिए पहुंचने वाले मरीजों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। एसएमओ संजय गुप्ता ने माना कि सिविल अस्पताल चुवाड़ी में चिकित्सीय स्टाफ सहित पेरामेडिकल स्टाफ के पद रिक्त पड़े हुए हैं। कहा कि समय-समय पर रिक्त पदों को भरने बारे विभागीय अधिकारियों और सरकार को अवगत करवाया जाता है।
25वें दिन भी क्रमिक अनशन जारी
जन एकता जन अधिकार मंच का क्रमिक अनशन 25 वें दिन भी जारी रहा। मंगलवार को क्रमिक अनशन पर निशा और डिंपल बैठीं। उन्होंने कहा कि पिछले 25 दिनों से विभिन्न पंचायतों के लोग भूख हड़ताल पर बैठे हैं। उन्होंने कहा कि भटियात की ज्वलंत समस्याओं और मांगों को लेकर हड़ताल करने के 25 दिनों बाद भी सरकार और प्रशासन उनके आंदोलन पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। उन्होंने कहा कि आगामी समय में गांव के घर-घर तक आंदोलन को ले जाएगा। इसके साथ ही आंदोलन को उग्र किया जाएगा।
कोट्स
सिविल अस्पताल चुवाड़ी में कुछ चिकित्सीय स्टाफ के पदों को भरा गया है। मैंने खुद प्रदेश के मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री से सिविल अस्पताल चुवाड़ी में खाली पदों को भरने के बारे में आग्रह किया है। स्वास्थ्य मंत्री ने आश्वासन दिया है कि रिक्त पदों को जल्द ही भर दिया जाएगा।
विक्रम सिंह जरयाल, विधायक भटियात