चंबा। चंबा शहर के वार्डों में नगर परिषद द्वारा शुरू की गई डोर टू डोर कूड़ा उठाने की योजना दम तोड़ती हुई नजर आ रही है। क्योंकि शहर के ज्यादातर वार्डों में घरों से डोर टू डोर कूड़ा नहीं उठाया जा रहा है। कुछेक दिनों के लिए शहर के नजदीकी वार्डों के मोहल्लों में यह योजना काफी जोर शोर से शुरू की गई लेकिन बाद में योजना पूरी तरह से विफल हो गई। यही कारण है कि अब नप के सफाई कर्मचारी लोगों के घरों से डोर टू डोर कूड़ा उठाने नहीं पहुंच रहे हैं। डोर टू डोर कूड़ा उठाने की एवज में प्रति परिवार को पचास रुपये महीने के देने थे। जिसको लेकर सभी लोगों ने हामी भी भरी थी। लेकिन नगर परिषद इस योजना को सिरे नहीं चढ़ा पाई। इसके पीछे नप के अधिकारी की नाकामी है या जिन लोगों को यह ठेका दिया गया था उनकी लापरवाही। इस बाबत नप स्थिति साफ कर सकती है।
शहर के अधीन आने वाले लोगों को अपने घर का कूड़ा कर्कट स्वयं कूड़ेदानों में फेंकना पड़ रहा है। क्योंकि घरों से कूड़ा उठाने के लिए कोई भी कर्मचारी नहीं पहुंच रहा है। शहर के हरदासपुरा, सुल्तानपुर सहित अन्य वार्डों में यह योजना सफल होती नहीं दिख रही है। लोगों का इतना कहना है कि डोर टू डोर कूड़ा उठाने वाली योजना तो दूर की बात है वार्ड में सड़कों पर रखे कूड़ेदानों से नियमित रूप से कूड़ा नहीं उठाया जा रहा है। जिसकी वजह से शहर में सफाई व्यवस्था बुरी तरह से चरमरा चुकी है। इसके पीछे सफाई ठेकेदारों की नालायकी है। इसलिए नप को कड़े कदम उठाने की आवश्यकता है।
नप अध्यक्ष नीलम नैयर ने बताया कि डोर टू डोर कूड़ा उठाने की योजना में जो भी कमी सामने आ रही है। उसे जल्द ही दूर किया जाएगा। इसके लिए सफाई ठेकेदारों को भी जरूरी दिशा निर्देश दिए जाएंगे।