अमर उजाला ब्यूरो
धरने को यूनियन के महासचिव संतोष कुमार, दौलत राम और अजय कुमार ने संबोधित किया। मुख्य वक्ता सीटू के राष्ट्रीय सचिव डॉ. कश्मीर सिंह ठाकुर ने मजदूरों को संबोधित करते हुए कहा कि सीटू का इतिहास संघर्षों का इतिहास रहा है। मजदूरों को आज की तारीख में जो वेतन ओर सुविधाएं मिल रही हैं।
उसमें मजदूर आंदोलन की कुर्बानियां शामिल हैं। आगे भी संघर्षों को तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि गत दिनों जो समझौता दूसरी यूनियन के साथ किया है। वह सीटू से संबंधित यूनियन को मंजूर नहीं है।
यह समझौता मजदूरों के लिए नुकसान देय है। इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सीटू की 25 प्रतिशत वेतन बढ़ोत्तरी की मांग सरकार और परियोजना प्रबंधन को पूरी करनी होगी।