90 स्कूलों के अध्यापकों के लिए कार्यशाला का आयोजन
छात्रों, अभिभावकों, लोगों को आपदा से बचाव के प्रति जागरूक होना जरूरी
मॉक ड्रिल से आपदा से पूर्व तैयारी की जानी चाहिए सुनिश्चित
जिला आपदा प्राधिकरण ने की स्कूलों में सुरक्षा उपायों को सुदृढ़ करने की पहल
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। विकासखंड सदर के 90 स्कूलों के अध्यापकों के लिए विद्यालय आपदा प्रबंधन योजना को स्कूल सेफ्टी एप पर अपलोड करने के लिए एक दिवसीय कार्यशाला छात्र स्कूल बिलासपुर में आयोजित की गई। कार्यशाला का शुभारंभ प्रधानाचार्य ने किया।
कार्यशाला में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान जुखाला के आपदा प्रबंधन समन्वयक राकेश ठाकुर ने अध्यापकों को विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अपने विद्यालय की आपदा प्रबंधन योजना को स्कूल सेफ्टी एप पर अपलोड करना सभी सरकारी और निजी विद्यालयों के लिए अनिवार्य है। इस योजना में संभावित खतरों, आपदा पूर्व तैयारी, छात्रों, अभिभावकों और समुदाय को जागरूक करने के उपायों तथा मॉक ड्रिल का विवरण शामिल होना आवश्यक है।
राकेश ठाकुर ने कहा कि डिजिटल माध्यम से योजना अपलोड करने से न केवल योजना पारदर्शी बनती है, बल्कि आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया और सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिलती है। उन्होंने अध्यापकों से आग्रह किया कि वे अपने-अपने विद्यालयों की योजना समयबद्ध तरीके से अपडेट करें और छात्रों तथा स्टाफ को नियमित रूप से जागरूक करें।
इस अवसर पर जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के प्रशिक्षण समन्वयक उदय शर्मा भी उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि इस तरह की कार्यशालाएं स्कूलों में सुरक्षा जागरूकता बढ़ाने और आपदा प्रबंधन को प्रभावी बनाने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। कार्यशाला में कुल 57 विद्यालयों के आपदा प्रबंधन प्रभारी उपस्थित रहे और उन्होंने एप पर योजना अपलोड करने का प्रशिक्षण लिया।