बड़गांव, बरठीं, सुन्हाणी व बलोह में बढ़ रही संख्या
स्कूली बच्चों को भी करना पड़ता है परेशानी का सामना
संवाद न्यूज एजेंसी
बरठीं (बिलासपुर)। विकासखंड झंडूता के तहत बड़गांव, बरठीं, सुन्हाणी व बलोह पंचायतों के विभिन्न गांव में सड़कों पर लावारिस घूम रहे हैं, जो लोगों और किसानों के लिए गंभीर समस्या बन चुके हैं। वहीं स्कूली बच्चों के लिए भी ये लावारिस पशु आफत बने हुए हैं।
रात भर किसानों के खेतों में गेहूं की सफाई कर सुबह स्कूली बच्चों पर हमले की ताक में रहते हैं जिनके डर से बच्चों को उनके अभिभावक स्कूल तक छोड़ने व छुट्टी के समय लेने के लिए आ रहे हैं। स्थानीय लोगों में सुनीत सिंह, भूपेंद्र सिंह, मनशा राम, नवीन कुमार, अशोक कुमार, बालकिशन, कुलवंत ढटवालिया, हरी सिंह, जगदीश ठाकुर और ख्याली राम सहित अन्य किसानों ने बताया कि अचानक सड़क पर लावारिस पशु आ जाने से वाहन दुर्घटनाग्रस्त होने की घटनाएं भी सामने आ रही हैं। स्कूल जाने वाले बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को खासतौर पर दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई बार यह अचानक आक्रामक हो जाते हैं और लोगों पर हमला कर देते हैं। पिछले पांच वर्ष के भीतर अलग-अलग स्थानों पर कई लोग घायल हो चुके हैं। सिर्फ आमजन ही नहीं, बल्कि क्षेत्र के किसान भी इनसे खासे परेशान हैं। खेतों में घुसकर ये बैल गेहूं, सरसों, मूली, शलगम, मटर और सब्जियों की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रहे हैं। किसानों का कहना है कि महीनों की मेहनत पर रातों-रात पानी फिर जाता है। ठंड के मौसम में किसान रात-रात भर खेतों में जागकर फसलों की रखवाली करने को मजबूर हैं। लोगों ने सरकार व प्रशासन से समस्या के समाधान की मांग की है।