एनजीटी के आदेशों की खुलेआम उड़ रही धज्जियां
-जहरीला धआं लोगों की सेहत से कर रहा खिलवाड़
संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के सख्त आदेशों को ठेंगा दिखाते हुए घुमारवीं नगर परिषद में कूड़ा जलाने का खेल धड़ल्ले से जारी है। हैरानी की बात यह है कि दिनदहाड़े शहर का कूड़ा मंत्री के आवास के समीप ही जलाया जा रहा है। यह नजारा न सिर्फ कानून की खुलेआम अवहेलना है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि नगर परिषद और प्रशासन को न नियमों की चिंता है और न ही आम जनता की सेहत की।
यह कोई एक दिन की चूक नहीं है। बीते कई महीनों से नगर परिषद के अधीन कार्यरत सफाई ठेकेदार बार-बार शहर के कूड़े को खुले में जला रहा है। यह सब कुछ इतनी बेखौफी से हो रहा है, मानो कानून, प्रशासन और नगर परिषद, तीनों को खुली चुनौती दी जा रही हो। अब यह मजबूरी नहीं, बल्कि निडर होकर किया जा रहा है। सवाल उठता है कि आखिर यह हिम्मत मिल कहां से रही है?
नगर परिषद हर महीने कूड़ा प्रबंधन के नाम पर लाखों रुपये खर्च करने का दावा करती है, लेकिन हकीकत यह है कि वैज्ञानिक निपटान की बजाय कचरे को आग में झोंक दिया जा रहा है। प्लास्टिक और पॉलीथीन युक्त कूड़े से उठने वाला जहरीला धुआं आसपास के इलाकों में फैलकर लोगों की सेहत से खिलवाड़ कर रहा है। सांस की दिक्कत, आंखों में जलन और घुटन की शिकायतें आम हो गई हैं। बच्चे, बुजुर्ग और बीमार लोग इस ज़हर का सबसे बड़ा शिकार बन रहे हैं। एनजीटी ने खुले में कूड़ा जलाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया है और उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसके बावजूद घुमारवीं में इन आदेशों की सरेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार शिकायतें की गईं, लेकिन न ठेकेदार पर कार्रवाई हुई और न ही किसी अधिकारी की जिम्मेदारी तय की गई। स्थिति से साफ संकेत मिलता है कि या तो प्रशासन आंखें मूंदे बैठा है या फिर किसी बड़े संरक्षण के चलते ठेकेदार कानून से ऊपर बना हुआ है। जब मंत्री निवास के पास ही दिनदहाड़े कूड़ा जल सकता है, तो आम इलाकों में हालात कितने बदतर होंगे, इसका अंदाजा लगाना मुश्किल नहीं।
कोट
नगर परिषद की ओर से स्पष्ट निर्देश हैं कि किसी भी प्रकार का कूड़ा नहीं जलाया जाएगा। यदि ऐसा किया जा रहा है तो संबंधित सफाई कर्मचारी और ठेकेदार के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में खुले में कूड़ा जलाने की पुनरावृत्ति न हो। - रीता सहगल, नगर परिषद अध्यक्ष, घुमारवीं
नगर परिषद घुमारवीं में खुले में जलाया जा रहा कूड़ा। संवाद