संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। हिमाचल पथ परिवहन निगम के बिलासपुर डिपो में टायरों की कमी से उत्पन्न संकट अब काफी हद तक कम हो गया है। कुछ दिन पहले जहां टायरों के अभाव में करीब 24 बसें खड़ी होने से लगभग 30 बस रूट प्रभावित हो गए थे, वहीं अब स्थिति में काफी सुधार आया है। वर्तमान में डिपो के केवल चार बस रूट ही प्रभावित हैं। अब नियमित रूप से टायर मिल रहे हैं और अतिरिक्त टायर उपलब्ध होते ही शेष रूटों पर भी बसों का संचालन शुरू कर दिया जाएगा।
डिपो को अब प्रतिदिन नियमित आवश्यकता के अनुसार टायर उपलब्ध हो रहे हैं और उन्हें तुरंत बसों में लगाया जा रहा है। इससे अधिकांश बसों को दोबारा सड़कों पर उतार दिया गया है।
फिलहाल जामली-शिमला, नयना देवी-नंगल और घुमारवीं क्षेत्र के दो बस रूट ही प्रभावित हैं। पहले से खड़ी बसों को संचालन में लाने के लिए छह से आठ अतिरिक्त टायरों की आवश्यकता है। जैसे ही अतिरिक्त टायर मिलेंगे, इन रूटों पर भी बस सेवा बहाल कर दी जाएगी। हालांकि टायरों की समस्या कम होने के बावजूद बिलासपुर डिपो में चालकों और परिचालकों की कमी अब भी बनी हुई है। डिपो में 34 चालक और 30 परिचालकों के पद रिक्त हैं।
इसका सीधा असर कार्यरत कर्मचारियों पर पड़ रहा है। उपलब्ध चालक और परिचालकों को अतिरिक्त ड्यूटी और ओवरटाइम कर बस सेवाओं का संचालन बनाए रखना पड़ रहा है। इसके बावजूद निगम उपलब्ध संसाधनों के साथ अधिकतम बस सेवाएं संचालित करने का प्रयास कर रहा है।