आपदाओं से बढ़ी लागत, अप्रोच रोड की समस्या बनी बाधा
पुल बनने के बाद हमीरपुर, बरठीं, छत का झंडूता से होगा सीधा संपर्क
संवाद न्यूज एजेंसी
गेहड़वीं (बिलासपुर)। झंडूता क्षेत्र के लोगों की वर्षों पुरानी मांग और आवागमन की दृष्टि से महत्वपूर्ण री-रडोह पुल का निर्माण कार्य फिलहाल अधर में लटका हुआ है। पुल निर्माण के साथ-साथ अप्रोच रोड से जुड़ी समस्याओं के कारण परियोजना को पूरा करने में लगातार देरी हो रही है। विभाग को शेष कार्यों के लिए करीब पांच करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि का इंतजार है।
जानकारी के अनुसार पुल की एक अप्रोच रोड वर्ष 2023 में आई प्राकृतिक आपदा के दौरान क्षतिग्रस्त हो गई थी। इसके चलते वहां रिटेनिंग वॉल का निर्माण कराया जा रहा है, जिस पर करीब 1.80 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। वर्ष 2023 और 2025 में आई आपदाओं के कारण पुल की अप्रोच की लंबाई भी बढ़ गई है, जिससे परियोजना की लागत में वृद्धि हुई है। विभाग की ओर से इस संबंध में विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार की जा रही है। री-रडोह पुल के निर्माण से क्षेत्र के हजारों लोगों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। पुल बनने के बाद हमीरपुर, बरठीं, छत और आसपास के कई क्षेत्रों का झंडूता से सीधा संपर्क स्थापित होगा। इससे लोगों के समय और दूरी दोनों की बचत होगी और आवाजाही भी अधिक सुगम हो जाएगी। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि सरकार जल्द बजट स्वीकृत कर इस महत्वपूर्ण परियोजना को पूरा करवाएगी। अधिशासी अभियंता रोहित गुप्ता ने कहा कि पुल के शेष निर्माण कार्यों को पूरा करने के लिए करीब पांच करोड़ रुपये की अतिरिक्त धनराशि की आवश्यकता है। बजट स्वीकृत होने के बाद ही निर्माण कार्य को गति दी जा सकेगी।