नागरिक अस्पताल मारकंड में 14 लाख रुपये की लागत की ट्रूनॉट मशीन स्थापित
-मरीज को दो घंटे में मिल जाएगी रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
जुखाला (बिलासपुर)। विधानसभा श्री नयनादेवी के नागरिक अस्पताल मारकंड में अब टीबी की प्रारंभिक अवस्था में ही पहचान हो पाएगी। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने एनटीपीसी की मदद से 14 लाख रुपये की लागत से ट्रू नॉट मशीन अस्पताल में स्थापित की है। मरीज को रिपोर्ट भी दो घंटे में ही मिल जाएगी।
मारकंड अस्पताल में ट्रू नॉट मशीन के लगने से स्वास्थ्य विभाग के 2025 तक प्रदेश को टीबी मुक्त करने के अभियान को बल मिलेगा। नागरिक अस्पताल मारकंड के अधीन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र डियारा, रौड़ा, मंडी मानवा, छड़ोल, राजपुरा, भजूण, नम्होल, मलोखर, मारकंड, बागी, भटेर और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पंजगाई आते हैं। इनमें से आठ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के सैंपल नागरिक अस्पताल मारकंड में आते हैं। मशीन के लग जाने से क्षेत्र की 70 हजार से अधिक की आबादी को फायदा पहुंचेगा। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है टीबी मानव के नाखून और बालों को छोड़कर शरीर के किसी भी हिस्से में हो सकती है। अब आशा वर्कर रविवार को अपने क्षेत्र में बलगम के सैंपल एकत्रित करती हैं। इस मशीन द्वारा अब करीब दो घंटों में ही इसकी रिपोर्ट मिल जाएगी। टीबी के दो तरह के सैंपल लिए जाते हैं। पहले एक सैंपल की रिपोर्ट यहीं मिल जाती थी और दूसरी सीबी नॉट के लिए सैंपल जिला अस्पताल भेजे जाते थे, लेकिन अब इस मशीन से यदि एक भी टीबी का रोगाणु होगा तो उसका प्रारंभिक अवस्था में ही पहचान हो जाएगी। इस कारण इस रोगाणु का स्वस्थ लोगों में फैलाव नहीं हो पाएगा। इस मशीन को एनटीपीसी ने दान किया है।
कोट्स
खंड चिकित्सा अधिकारी मारकंड डॉ. सुरेंदर सिंह बावा ने कहा की नागरिक अस्पताल मारकंड में ट्रूनॉट मशीन स्थापित की है। इसकी मदद से अब टीबी की पहचान प्रारंभिक अवस्था में ही हो जाएगी। इससे 2025 तक टीबी मुक्त अभियान को बल मिलेगा।