चांदपुर में गोशाला का निरीक्षण करते हिमुडा निदेशक सदस्य जितेंद्र चंदेल। संवाद
कार्यों के लिए मुख्यमंत्री, तकनीकी शिक्षा मंत्री का जताया आभार
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। हिमुडा निदेशक जितेंद्र चंदेल ने रविवार को चांदपुर पंचायत का दौरा किया और लोगों से मुलाकात कर समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि पंचायत स्तर की जनसमस्याओं को वे स्वयं प्राथमिकता से मुख्यमंत्री और संबंधित विभागों के समक्ष उठा रहे हैं ताकि समय रहते समाधान सुनिश्चित हो सके।
दौरे के दौरान चांदपुर गोशाला कमेटी के सदस्यों ने निदेशक को बताया कि गोशाला में इस समय लगभग 50 निराश्रित पशु हैं, जिनकी नियमित देखभाल की जा रही है। पंचायत प्रधान अर्पण ने जानकारी दी कि गोशाला तक सड़क सुविधा की कमी को देखते हुए तीन लाख की राशि स्वीकृत की गई थी, जिससे अब सड़क निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया है। जितेंद्र चंदेल ने कहा कि अर्पण पंचायत की जनसमस्याएं लगातार उनके संज्ञान में लाते हैं और वे उन्हें हल करवाने के लिए लगातार प्रयासरत रहते हैं। गोशाला से जुड़ी समस्याओं को भी मुख्यमंत्री सुक्खू और तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी के समक्ष उठाया गया, जिनकी पहल पर त्वरित समाधान हो पाया।
उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार 1 अक्तूबर से राज्य की सभी गोशालाओं को प्रति पशु 1200 की आर्थिक सहायता देगी, जिससे गोशालाओं के संचालन में सहूलियत मिलेगी। चंदेल ने इसके लिए मुख्यमंत्री का आभार भी जताया और कहा कि उनके नेतृत्व में गो सदनों के रखरखाव और विस्तार के लिए लगातार ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। कहा कि हिमाचल प्रदेश देश का पहला राज्य बनने की दिशा में अग्रसर है, जहां प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहन दिया जा रहा है और किसानों को उनकी फसलों के उचित दाम मिल रहे हैं। इस अवसर पर रामलाल, महेंद्र सिंह, गोपाल कृष्ण, विशाल चंद, दीनानाथ, आकाश, अमित और रंजीत सहित कई स्थानीय लोग उपस्थित रहे।