बरठीं (बिलासपुर)। शिक्षा खंड घुमारवीं के तहत राजकीय प्राथमिक पाठशाला डून में गांव के ही एक व्यक्ति ने कब्जा कर स्कूल प्रशासन को कमरे खाली करके उसकी मलकियत भूमि से भवन के बने कमरों को उठाकर उन्हें कहीं और ले जाने को कहा है। स्कूल के अध्यापकों ने यह जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी है।
राजकीय प्राथमिक पाठशाला डून की स्थापना 1995 में हुई थी। क्षेत्र के लोगों में जगत पाल, रणजीत सिंह, सूरजीत सिंह, निकू राम, सोहन सिंह, रमेश चंद, संजय कुमार, पवन कुमार, प्यारे लाल सहित करीब दो दर्जन लोगों के अनुसार गांव के ही एक व्यक्ति ने जो कि उस समय पंचायती राज संस्था में इसी वार्ड सदस्य था। उन्होंने इस स्कूल को खुलवाने, स्कूल को सुचारू रूप से चलाने के लिए काफी प्रयत्न किया था।
व्यक्ति नानक चंद को 1971 में आठ बीघा 10 बिस्वा जमीन नौतोड़ मिली थी। आरोप है कि उसकी नौतोड़ भूमि पर यह स्कूल बनाया गया है। वहीं, व्यक्ति स्कूल की भूमि पर कब्जा करके स्कूल के कमरों को उसकी मलकियत भूमि से उठाने को कह रहा है। गांव के एक प्रतिनिधिमंडल ने एसडीएम घुमारवीं को भी इस बारे में सूचित कर दिया है।
पाठशाला के अध्यापक विनोद कुमार ने बताया कि वो स्कूल आए तो स्कूल में गांव के ही एक व्यक्ति ने स्कूल गेट पर बाड़बंदी कर दी थी। इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को भेज दी है। व्यक्ति नानक चंद ने कहा कि 2017, 2022 में दो बार निशानदेही हो चुकी है, जिसमें यह मलकियत भूमि निकली है। स्कूल के जो कमरे मेरी भूमि में हैं, स्कूल प्रशासन उनको उठा ले। वहीं, एसडीएम घुमारवीं राजीव ठाकुर ने बताया कि मामला उनके ध्यान में अभी-अभी आया है। तहसीलदार को निशानदेही के लिए कहा है।