- जिले में 25 हजार हेक्टेयर भूमि पर की जाती है गेहूं की बिजाई
-सिर्फ 6500 हेक्टेयर भूमि पर सिंचाई की सुविधा, शेष बारिश पर निर्भर
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिले में गेहूं की बिजाई के लिए किसान बारिश का इंतजार कर रहे हैं। गेहूं की बिजाई के लिए यह समय सबसे उपयुक्त माना जाता है, लेकिन बारिश न होने से किसान बिजाई नहीं कर पा रहे हैं। क्योंकि जिले में अधिकतम गेहूं की बिजाई बारिश पर निर्भर है।
गेहूं की बिजाई लिए जिले भर में किसानों ने खेत तैयार कर दिए हैं। किसान अब बारिश का इंतजार कर रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार बिजाई करने का अनुकूल समय शुरू हो चुका है। आगामी कुछ दिन और बिजाई के लिए उपयुक्त हैं। बताते चलें कि जिले में 31,878 हेक्टेयर भूमि पर खेती की जाती है। इसमें से 25 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की बुवाई होती है। जिले में 57,422 परिवार कृषि कार्य से जुड़े हुए हैं। जिले में 6500 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई की सुविधा उपलब्ध है। यह कृषि भूमि का 20 प्रतिशत क्षेत्र है। शेष 80 प्रतिशत क्षेत्र में वर्षा पर निर्भर है। किसानों में प्रेमलाल, महेंद्र ठाकुर, राजपाल, गोपाल शर्मा, रामलोक, शंकर ठाकुर, प्रकाश, रामदास, राजकुमार, किशोरी लाल सहित अन्य ने बताया कि यह समय बुवाई के लिए उपयुक्त है। बारिश हो जाती है तो वह बुवाई शुरू कर देंगे। किसानों का कहना है कि उपयुक्त समय पर बुवाई करने से अच्छी पैदावार प्राप्त होती है। किसानों ने बुवाई के लिए बीज खरीद लिया है और खेत तैयार कर लिए हैं। केवल अब बारिश का इंतजार वह कर रहे हैं। कहा कि लंबे समय से बारिश न होने से खेतों में नमी भी कम हुई है। वहीं किसानों को विभाग के विक्रय केंद्रों पर बीज उपलब्ध है। उधर कृषि विशेषज्ञ डॉ. गौरव ने बताया कि नवंबर का पूरा महीना बुवाई के लिए उपयुक्त है। जैसे ही बारिश होती है किसान बुवाई शुरू कर सकते हैं।