मुकड़ाना में आयोजित मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण कार्यक्रम में मौजूद महिलाएं। स्रोत: जागरूक पाठक
विशेषज्ञों ने बेहतर पैदावार और आय बढ़ाने के दिए टिप्स
100 किसानों ने लिया प्रशिक्षण, विशेषज्ञों ने किया मार्गदर्शन
संवाद न्यूज एजेंसी
गेहड़वीं (बिलासपुर)। उपमंडल झंडूता के मुकड़ाना गांव में मशरूम उत्पादन को लेकर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें क्षेत्र के करीब 100 किसानों ने भाग लिया। प्रशिक्षण के दौरान किसानों को मशरूम की खेती शुरू करने से लेकर उत्पादन और बेहतर पैदावार तक अपनाई जाने वाली वैज्ञानिक तकनीकों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में मशरूम उत्पादन केंद्र सोलन के निदेशक डॉ. बृज लाल ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। उन्होंने किसानों को मशरूम उत्पादन की आधुनिक तकनीक, वैज्ञानिक प्रबंधन और खेती के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक तरीके से मशरूम उत्पादन को अपनाकर किसान अपनी आय बढ़ाने के साथ-साथ अतिरिक्त आय का साधन विकसित कर सकते हैं। क्षेत्र के प्रगतिशील मशरूम किसान जगदीश वर्मा ने भी किसानों के साथ अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने मशरूम उत्पादन के लिए सही तापमान, हवा के आवागमन, वातावरण के प्रबंधन और उत्पादन तकनीक से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी दी। प्रशिक्षण के दौरान किसानों ने मशरूम उत्पादन से संबंधित विभिन्न सवाल पूछे, जिनका विशेषज्ञों ने समाधान बताया। कार्यक्रम का आयोजन अनुसूचित जाति उप योजना के तहत भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद एवं भारतीय मृदा एवं जल संरक्षण अनुसंधान केंद्र, चंडीगढ़ की ओर से किया गया। प्रशिक्षण का उद्देश्य किसानों को मशरूम उत्पादन की वैज्ञानिक तकनीकों से जोड़ना और उन्हें स्वरोजगार के साथ आय बढ़ाने के अवसरों के प्रति जागरूक करना रहा। कार्यक्रम में किसानों की बड़ी भागीदारी से क्षेत्र में मशरूम उत्पादन को लेकर बढ़ती रुचि भी सामने आई। किसानों ने प्रशिक्षण को उपयोगी बताते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से उन्हें खेती में नई तकनीक अपनाने और उत्पादन बेहतर करने में मदद मिलती है।