नाबालिग को भगाने के आरोप में भगौड़े शख्स को पुलिस ने घुमारवीं बस स्टैंड से गिरफ्तार किया है। अदालत ने आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। आरोपी को कोर्ट ने मार्च 2016 में सुनवाई में पेश न होने पर भगौड़ा घोषित कर दिया था। इसके बाद से पुलिस उसकी तलाश में थी। खबर की पुष्टि की एसपी बिलासपुर राहुल नाथ ने की है।
जानकारी के अनुसार विकास पठानिया पुत्र चरणजीत सिंह गांव धवां जिला हमीरपुर के खिलाफ 23.5.2014 को घुमारवीं थाना में एक नाबालिग लड़की को भगाने का केस दर्ज हुआ था। इसके बाद मामला कोर्ट में गया।
आरोपी को कोर्ट से जमानत मिल गई। मगर इसके बाद आरोपी कोर्ट में पेश नहीं हुआ। हालांकि इस दौरान कोर्ट ने आरोपी को कई समन भी जारी किए। इसके बाद भी आरोपी कोर्ट में पेश नहीं हुआ तो कोर्ट ने आरोपी को मार्च 2016 में भगौड़ा घोषित कर दिया। इसके बाद आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने कई जगह छापेमारी की।
मगर सफलता हाथ नहीं लगी। मगर वीरवार को घुमारवीं पुलिस के एचसी राजेश कुमार और आरक्षी अजय कुमार ने गुप्त सूचना के आधार पर घुमारवीं बस अड्डे से विकास पठानिया को गिरफ्तार कर लिया।
बाद में इसे घुमारवीं कोर्ट में पेश किया गया। जहां से आरोपी को कोर्ट ने 5 अक्तूबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। एसपी बिलासपुर राहुल नाथ ने बताया कि आरोपी की पुलिस को काफी समय से तलाश थी। इसे पुलिस ने वीरवार को गिरफ्तार किया है।