पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर होंगे शामिल, मेन मार्केट में होगा विरोध प्रदर्शन
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। नशे के सौदागरों और चिट्टे के खिलाफ मोर्चा खोलने वाली बरमाणा पंचायत के लघट गांव की महिलाओं पर दर्ज की गई एफआईआर के विरोध में भारतीय जनता पार्टी सदर मंडल 30 दिसंबर को बिलासपुर के मेन मार्केट में धरना-प्रदर्शन करेगी। धरने की तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया गया है। इस विरोध प्रदर्शन में पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर भी विशेष रूप से शामिल होंगे।
सदर भाजपा मंडल अध्यक्ष हंसराज ठाकुर ने बताया कि धरने के माध्यम से प्रदेश सरकार, जिला पुलिस और चिट्टा माफिया की कथित सांठगांठ को उजागर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार नशे के खिलाफ अभियान की बात तो करती है, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल उलट है। धरने के उपरांत भाजपा उपायुक्त के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी सौंपेगी। कहा कि लघट गांव की महिलाएं सर्द मौसम में भी रात भर पहरा देकर युवाओं और बच्चों को नशे की गिरफ्त में जाने से बचाने का प्रयास कर रही हैं। यह पहल समाज के लिए प्रेरणादायक है, लेकिन इन्हें प्रोत्साहित करने के बजाय एक कांग्रेस नेता के फोन और नशा तस्करों के बयानों के आधार पर महिलाओं पर झूठी एफआईआर दर्ज कर दी गई। इससे न केवल नशा तस्करों और बरमाणा थाना पुलिस की मिलीभगत उजागर होती है, बल्कि नशे के खिलाफ प्रदेश सरकार की कथनी और करनी का अंतर भी सामने आता है।
उन्होंने कहा कि जहां एक ओर सरकार महिलाओं के खिलाफ कार्रवाई कर रही है, वहीं सदर विधायक त्रिलोक जमवाल ने शुरू से ही चिट्टे के खिलाफ आवाज बुलंद करते हुए महिला मंडल लघट को 20 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की है। भाजपा ने सरकार और पुलिस प्रशासन से महिलाओं पर दर्ज एफआईआर को तत्काल रद्द करने, नशा तस्करों से सांठगांठ कर झूठा मामला दर्ज करने वाले पुलिस कर्मियों को हटाने व निलंबित करने, तथा बरमाणा थाना में महिलाओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए फोन करने वाले कांग्रेस नेता का नाम सार्वजनिक करने की मांग की है। इन मांगों को लेकर ही 30 दिसंबर को बिलासपुर शहर में धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।