डियारा में चल रही रामलीला के मंचन का दृश्य। स्रोत: समिति
डियारा सेक्टर में रामलीला में कलाकारों ने शानदार अभिनय से बांधा समां
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। डियारा सेक्टर में चल रही 136 वर्ष पुरानी ऐतिहासिक रामलीला के नौवें दिन कुंभकरण वध, मेघनाथ वध और राम-लक्ष्मण हरण सहित सात दृश्यों का मंचन किया गया। कलाकारों ने प्रभावशाली अभिनय से दर्शकों को रामायण के विभिन्न प्रसंगों से रूबरू करवाया।
पहले दृश्य में प्रभु राम के साथ युद्ध के दौरान कुंभकरण वध का मंचन किया गया। दूसरे दृश्य में लक्ष्मण ने मेघनाथ का वध कर उसका सिर धड़ से अलग कर दिया। इसके बाद सुलोचना ने रावण से पति मेघनाथ का कटा हुआ सिर लाने का आग्रह किया, लेकिन रावण ने असमर्थता जताई। अगले दृश्य में रावण और मंदोदरी के बीच संवाद हुआ। कुंभकरण और मेघनाथ जैसे पराक्रमी योद्धाओं के मारे जाने के बाद रावण ने स्वयं युद्ध में जाने की बात कही।
पांचवें दृश्य में सुलोचना राम शिविर पहुंची और प्रभु राम से इंद्रजीत का शीश लौटाने का आग्रह किया। प्रभु राम ने सम्मानपूर्वक उसे शीश सौंप दिया। छठे दृश्य में पाताल लोक का प्रसंग दिखाया गया। इसमें अहिरावण, महिरावण और सहीरावण की भूमिका निभा रहे बृजेश कौशल, कुलभूषण चब्बा और अभिषेक डोगरा के अभिनय को दर्शकों ने खूब सराहा। अंतिम दृश्य में अहिरावण और महिरावण द्वारा प्रभु राम और लक्ष्मण का हरण करने का मंचन किया गया।