अवैध शराब के कारोबार से जुड़ी मानी जा रही है झंडूता बाजार में हुई यह झड़प
आरोपी पंकु राव पर पहले भी दर्ज हैं एक दर्जन से अधिक आपराधिक मामले
जिले में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाएं बन रहीं हैं, लोगों में भय का माहौल
संवाद न्यूज एजेंसी
भराड़ी (बिलासपुर)। झंडूता बाजार में दिनदिहाड़े हुई खूनी झड़प ने पूरे जिले को दहला कर रख दिया। लाठी-डंडों और तेज धारदार हथियारों से हुई इस हिंसक वारदात ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बीते कुछ समय से जिले में लगातार आपराधिक घटनाएं बढ़ रहीं हैं, जिससे लोगों में भय का माहौल है, वहीं घटनाएं पुलिस प्रशासन के लिए सिरदर्द।
झंडूता बाजार में यह झड़प अचानक शुरू हुई और कुछ ही देर में खूनी संघर्ष में बदल गई। बाजार में अफरा-तफरी मच गई, लोग दुकानों के भीतर शरण लेने लगे। पिछले एक माह में बिलासपुर जिले में हुई यह तीसरी बड़ी हिंसक वारदात है। इससे पहले भगेड़ के पास दो गुटों के बीच गैंगवार हुई थी, जबकि कुछ दिन पहले पट्टा कस्बे में तलवारें चलने की घटना ने लोगों को भयभीत कर दिया था। लगातार घटनाओं की कड़ी अब झंडूता बाजार की खूनी झड़प से जुड़ती दिख रही है। बताया जा रहा है कि झंडूता बाजार में हुई यह झड़प अवैध शराब के कारोबार से जुड़ी मानी जा रही है। अवैध शराब की सप्लाई चेन पर कब्जे की होड़ ने दो गुटों को आमने-सामने ला खड़ा किया। बताया जा रहा है कि इस विवाद के केंद्र में पंकु राव नामक व्यक्ति है, जो कथित रूप से जिला के शराब कारोबार से जुड़ा हुआ है। आरोपी पर पहले से ही एक दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें मारपीट, धमकाने, तलवार से हमला और अवैध कारोबार से जुड़े विवाद शामिल हैं। इसका नाम पहले भी कई बार हिंसक घटनाओं में आ चुका है, पर कार्रवाई के नाम पर अब तक केवल औपचारिकताएं ही हुई हैं।
बताया जा रहा है कि वह जिले के एक नामी शराब व्यापारी के साथ काम करता है और इसी कारण अन्य गुटों के साथ उसका टकराव बढ़ गया है। यही टकराव अब हिंसा और गैंगवार का रूप ले चुका है। लगातार हो रही इन घटनाओं से जिला में भय का माहौल व्याप्त है। लोगों का कहना है कि पुलिस की ढिलाई ने अपराधियों के हौसले बुलंद कर दिए हैं। अब अपराधी खुलेआम दिनदहाड़े मारपीट और हथियारों का इस्तेमाल करने से भी नहीं हिचकते। आम जनता का कहना है कि जब तक इस अवैध नेटवर्क को पूरी तरह खत्म नहीं किया जाएगा, तब तक इस तरह की वारदातें होती रहेंगी। लोगों का कहना है कि अवैध शराब कारोबार को जड़ से खत्म करना ही जिला को हिंसा से बचाने का एकमात्र रास्ता है।
इनसेट
गैंगवार जिला बनने की कगार पर बिलासपुर
फिलहाल, झंडूता में हुई यह वारदात बिलासपुर जिले में बढ़ते अपराध और प्रशासनिक सुस्ती की गंभीर तस्वीर पेश करती है। अगर समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो बिलासपुर अपराधियों का अड्डा बन सकता है। प्रशासन के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती है कि इस हिंसा की जड़ तक पहुंचकर बिलासपुर को अपराध की इस अंधेरी राह से बचाना।
कोट-
पुलिस की कार्रवाई शुरू, पर सख्ती की जरूरत
चौकी प्रभारी झंडूता जगदीश ने बताया कि झंडूता बाजार में हुई लड़ाई के मामले में पंकु राव और एक अन्य व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया जा रहा है। कुछ संदिग्धों की पहचान हो चुकी है, पुलिस दबिश दे रही है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और क्षेत्र में गश्त बढ़ाने के आदेश दिए गए हैं।