बिलासपुर। पिछले कुछ दिनों से जिला में डेंगू के मरीजों में इजाफा हुआ है। हालांकि बिलासपुर में स्थिति नियंत्रित है। लेकिन, डेंगू बीमारी से ग्रस्त सबसे ज्यादा मरीज बाहरी राज्यों से आने वाले लोग हैं। इसके अलावा बिलासपुर से बाहर पढ़ने गए विद्यार्थी भी हैं। वे डेंगू से पीड़ित होकर इलाज के लिए बिलासपुर पहुंच रहे हैं। जिला अस्पताल के मेडिकल वार्डों में डेंगू से ग्रस्त मरीज दाखिल हैं, जिनका उपचार चल रहा है। कुछ को उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है। इनका स्वास्थ्य अब ठीक है।
जिला अस्पताल के आंकड़ों के अनुसार इस समय 20 से 30 लोग डेंगू से ग्रस्त मरीज हैं। इनका इलाज चल रहा है। कुछ तो मेडिकल वार्ड में भर्ती हैं, जबकि कुछ का उपचार करने के बाद छुट्टी दे दी गई है। मेडिकल ओपीडी में रोजाना 100 से ज्यादा मरीज पहुंच रहे हैं। इनमें से ज्यादातर मामले डेंगू के न होकर सर्दी, जुकाम, टायफायड व बुखार के हैं। चिकित्सक जोखिम न उठाकर ऐसे मरीजों को डेंगू का टेस्ट लिख रहे हैं। डियारा सेक्टर व शहर से 12 किलोमीटर दूर घाघस के आसपास के इलाकों से डेंगू के मरीज ज्यादा आ रहे हैं। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग इन जगहों पर कैंपों का आयोजन कर लोगों को जागरूक कर रहा है। वहीं, डॉक्टर भी मरीज और तीमारदारों को डेंगू से बचाव व इसके लक्षणों के बारे में बता रहे हैं। डियारा सेक्टर के सब्जी मंडी की तरफ से लोग यहां पर पहुंच हैं। क्योंकि वहां पर गंदगी व पानी इकट्ठा होने से मच्छर पनपने लगे हैं।
शहर के 11 लोगों में डेंगू पॉजिटिव
जिला अस्पताल में कार्यरत एमओएच प्रविंद्र सिंह का कहना है कि शहर के 11 लोगों में डेंगू पॉजिटिव पाया गया है। इनमें से तीन को अस्पताल में भर्ती किया गया है। इसके अलावा सभी को छुट्टी दे दी गई है। उन्होंने बताया कि जहां से डेंगू के मामले आ रहे हैं, वहां से पानी का सैंपल लेकर जांच की जाएगी। इसके अलावा फॉग का स्प्रे भी किया जाएगा। लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
ऐसे करे डेंगू की बीमारी से बचाव
बिलासपुर अस्पताल मे कार्यरत मेडिकल विशेषज्ञ जितेंद्र ठाकुर का कहना है कि मच्छरों के काटने से बचना चाहिए। समय-समय पर घर के आसपास व घर के अंदर स्प्रे करवाएं या स्वयं करें। घर के आसपास पानी को इकट्ठा न होने दें, जितना संभव हो सके शरीर को पूरा ढककर रखें। ज्यादा बुखार, कमर दर्द, पेट व जोड़ों का दर्द, सिर दर्द डेंगू के लक्षण हो सकते हैं। अगर ऐसा है तो तुरंत नजदीकी अस्पताल में जांच करवानी चाहिए। इसके अलावा डेंगू की बीमारी से ग्रस्त जो मरीज हैं उसे डरने की जरूरत नहीं है। इसमें वह सभी कुछ खा सकता है। पानी का सेवन ज्यादा से ज्यादा करें। ज्यादा से ज्यादा आराम करें। डॉक्टरों की सलाह पर दवाइयों का सेवन करें।