घुमारवीं में फैला डायरिया, 42 मरीज आए चपेट में
बम्म, पंतेहड़ा के बाद करंगूरी, गोहर और बंदेहड़ा गांव भी बढ़ा प्रकोप
स्वास्थ्य विभाग ने पानी का सैंपल लेकर जांच के लिए भेजा कंडाघाट
अमर उजाला ब्यूरो
घुमारवीं (बिलासपुर)। घुमारवीं उपमंडल की बम्म पंचायत और पंतेहड़ा के गांवों में डायरिया का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। दो दिन पहले जहां पंतेहड़ा, बम्म और थयूला गांव में रोगियों की संख्या 29 थी, वहीं बीते कल 18 और ग्रामीण डायरिया की चपेट में आ गए हैं। वहीं, वीरवार को आठ नए मरीज डायरिया के सामने आए हैं। खतरे की बात यह है कि तीन और गांव करंगूरी, गोहर और बंदेहड़ा गांव के लोग भी अब डायरिया की चपेट में आना शुरू हो गए हैं। डायरिया के मरीजों का आंकड़ा लगातार बढ़ता ही जा रहा है। इस समय घुमारवीं क्षेत्र में 42 मरीज डायरिया की चपेट में आ चुके हैं।
बीएमओ घुमारवीं कमल किशोर शर्मा ने स्वास्थ्य विभाग की एक टीम गठित कर इन गांवों की ओर भेज दी थी। इसके चलते डायरिया रोगियों का इलाज घरों में ही संभव हो सका था। वीरवार सीएचसी भराड़ी की डॉक्टर प्रियंका, सुपरवाइजर अमृतलाल, विद्यासागर और स्थानीय स्वास्थ्य कार्यकर्ता और आशा वर्कर प्रभावित गांव का दौरा कर रहे थे। इसी बीच स्वास्थ्य विभाग की टीम को 8 नए डायरिया से पीड़ित रोगी मिले। जिनका इलाज शुरू कर दिया गया है। इन रोगियों में प्रिया (19) थयूला, रवि कुमार (40) करंगूही, शकुंतला (42) करंगूही, फूलां (55) गोहर, अंजना (25) बम्म, सरोज (34) बंदेहड़ा, लीला (52) पंतेहड़ा तथा कंचन (19) पंतेहड़ा शामिल हैं। रोगियों की सूची पर यदि नजर डालें तो करंगूही, गोहर और बंदेहड़ा गांव से नए रोगी सामने आ रहे हैं। लोगों का कहना है कि यह रोग किसी समारोह में बने हुए खाने से फैला है, लेकिन जो जानकारी मिल रही है उससे प्रतीत होता है कि क्षेत्र में डायरिया रोग किसी भोजन से नहीं फैला हुआ है क्योंकि जिन लोगों ने सामूहिक भोजन किया था, यह भोजन 16 अगस्त को खाया गया था। जबकि यह रोग 20 अगस्त के बाद ही इस क्षेत्र में फैला है। जिससे प्रतीत होता है कि यह रोग पीने के पानी से ही फैला हुआ है।
लोगों को आवश्यक दवाइयां घर पर ही दी जा रही हैं। स्वास्थ्य विभाग की माने तो जो लोग डायरिया रोग से शुरू में पीड़ित थे, वे लगभग स्वस्थ हो चुके हैं। कुछ का इलाज चल रहा है। दो दिन पूर्व डॉक्टर संजय ने प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया किया था। बताया जा रहा है डॉक्टर संजय ने इस क्षेत्र से पानी के सैंपल लिए थे। इन सैंपलों को कंडाघाट भेज दिया गया है। डायरिया रोग कैसे फैला इस के कारणों को जानने में स्वास्थ्य विभाग लगा हुआ है।
बीएमओ घुमारवीं कमल किशोर शर्मा का कहना है कि क्षेत्र में डायरिया रोग पर काफी हद तक नियंत्रण पा लिया गया है। क्षेत्र में डायरिया से पीड़ित आठ नए रोगी सामने आए हैं। जिनका इलाज स्वास्थ्य विभाग कर रहा है।