एचपी टैक्सी ऑपरेटर एवं ड्राइवर वेल्फेयर एसोसिएशन ने दी चेतावनी
33 एंट्री बैरियरों पर एक साथ प्रदर्शन की है तैयारी,बॉर्डर होगा सील
नोटिफिकेशन के बावजूद अवैध वसूली के हैं आरोप
टैक्सी ऑपरेटरों में बढ़ा रोष,आर्थिक नुकसान की शिकायत
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। हिमाचल प्रदेश में एंट्री टैक्स को लेकर टैक्सी ऑपरेटरों और प्रशासन के बीच विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। ऑल हिमाचल प्रदेश टैक्सी ऑपरेटर एवं ड्राइवर वेल्फेयर एसोसिएशन ने प्रदेश सरकार को 9 अप्रैल तक अल्टीमेटम दिया है। चेतावनी दी है कि समय सीमा तक समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो प्रदेशभर के 33 एंट्री बैरियरों पर 132 यूनियनें एक साथ धरना-प्रदर्शन करेंगी और जरूरत पड़ने पर बॉर्डर भी सील कर दिए जाएंगे।
एसोसिएशन के प्रधान रामरतन शर्मा ने कहा कि प्रदेश की 132 यूनियनें इस मुद्दे पर एकजुट हैं। उन्होंने साफ तौर पर चेतावनी दी कि यदि 9 अप्रैल तक समाधान नहीं हुआ, तो पूरे प्रदेश में बड़े पैमाने पर प्रदर्शन और धरना दिया जाएगा। इस दौरान बॉर्डर सील करने की संभावना भी जताई गई। बताया कि एंट्री टैक्स को लेकर सरकार ने बाकायदा नोटिफिकेशन जारी किया है, लेकिन इसके बावजूद बॉर्डर पर तैनात कर्मचारी नियमों की अनदेखी कर रहे हैं। उनका आरोप है कि टैक्सी ऑपरेटरों से अवैध रूप से टैक्स वसूला जा रहा है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान और मानसिक परेशानी उठानी पड़ रही है। एसोसिएशन ने कहा कि इस मुद्दे को कई बार संबंधित विभागों और जिला प्रशासन के समक्ष उठाया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इस कारण प्रदेशभर के टैक्सी चालकों और ऑपरेटरों में रोष बढ़ता जा रहा है। एसोसिएशन के अनुसार, हिमाचल प्रदेश में लगभग 33 एंट्री बैरियर ऐसे हैं, जहां इस प्रकार की समस्याएं लगातार सामने आ रही हैं। शर्मा ने सरकार और प्रशासन से अपील की है कि जल्द समाधान किया जाए ताकि टैक्सी ऑपरेटरों को राहत मिल सके। स्पष्ट किया कि यदि 9 अप्रैल तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो प्रदेशभर में बड़े स्तर पर आंदोलन शुरू किया जाएगा और उसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी।