बरठीं(बिलासपुर)। विकास खंड झंडूता के तहत आने वाली दी तलाई ग्राम सेवा सहकारी सभा में हुए करोड़ों रुपये के घोटाले के मामले में सहायक पंजीयक अधिकारी ने सभा को भंग कर दिया। जबकि सभा के संचालन के लिए सभा की नई कार्यकारिणी का गठन किया गया है।
वहीं नई सभा कार्यकारिणी को आदेश दिए गए हैं कि वह सभा सचिव को उनके पद से निलंबित करें। जांच में पाया गया है कि 32,71,90,269.50 करोड़ का गोलमाल सभा की लापरवाही के कारण हुआ है। वहीं इस संबंध में पुलिस ने भी भादंसं की धारा 420 और 406 के तहत मामला दर्ज कर छानबीन कर रही है।
उल्लेखनीय है कि जिला अंकेक्षण अधिकारी व जिला निरीक्षक सहकारी सभाएं बिलासपुर द्वारा 14 मार्च 2019 को दी गई अपनी रिपोर्ट में यह खुलासा किया गया है। गबन के आरोप में 16 मार्च को एफआईआर दर्ज करवाई गई। तत्कालीन प्रबंध कमेटी की संलिप्तता व लापरवाही सामने आने के कारण कमेटी को विभाग की ओर से मुक्त कर दिया गया है और कार्य को सुचारु रूप से चलाने के लिए एक नई कार्यकारिणी का गठन कर दिया गया है।
जिला सहायक पंजीयक अधिकारी द्वारा कानूनी धारा कोऑपरेटिव एक्ट 35 ए के तहत यह कार्रवाई अमल में लाई गई है।
सहायक पंजीयक अधिकारी रमेश चंद शर्मा ने बताया कि जैसे ही उन्होंने जिला का कार्यभार संभाला तो उन्हें पता चला कि तलाई सभा में सौ करोड़ से ज्यादा का कारोबार चल रहा है लेकिन मुनाफा मात्र एक लाख बताया जा रहा है। इस पर उन्हें इसमें गड़बड़ी होने का संदेह हुआ जिसके बाद पूरे मामले की छानबीन की गई तो पाया गया कि करीब 33 करोड़ का सभा में गोलमाल किया गया है।
इससे पहले ‘अमर उजाला’ ने इस मामले को सितंबर माह में प्रमुखता से उठाया था। इस सहकारी सभा की दुर्दशा का मुख्य कारण सभा द्वारा गलत तरीके से दिए गए ऋण शामिल हैं। सूचना के अधिकार के तहत ली गई सूचना में यह पाया गया कि सहकारी सभा तलाई के जिन सदस्यों के वसूली प्रकरण वर्ष 1-2-13 से 19-10-14 तक चले हुए थे। उनसे वसूली न करके उनके पुराने ऋण को नए में बदलकर फर्जी वसूली भी दिखाई जाती रही है और अधिकांश लोगों के पास अभी भी सभा की भारी भरकम राशि लटकी हुई है जिस कारण सभा वित्तीय संकट से जूझ रही है।
इनसेट...
लोग आज भी पैसे के लिए तरस रहे हैं
सभा में करीब 125 करोड़ रुपये की राशि लोगों ने जमा करवा रखी है। लोग अपना पैसा वापस लेने के लिए तलाई में सभा कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं लेकिन लोगों को उनका पूरा पैसा नहीं मिल पा रहा है।
इनसेट..
बेटी के खातों में भी हुआ लेनदेन
जानकारी के अनुसार सभा के सचिव की बेटी के खाते में ही करोड़ों रुपये का लेनदेन हुआ है। जबकि सचिव की बेटी बेरोजगार है। वहीं सभा में ऐसे दर्जनों और खाते भी हैं जिनसे सचिव ने लेनदेन किया है। जबकि वह लोग स्थानीय नहीं है।