संवाद न्यूज एजंसी
जगाधरी। जिला सचिवालय को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के साथ जिले में हाई अलर्ट कर दिया गया है। इसके साथ रेलवे स्टेशन व बस अड्डे पर भी अलर्ट जारी किया गया है। यमुनानगर जगाधरी को पहले ही बम से उड़ाने की धमकियां मिल चुकी हैं। यमुनानगर जगाधरी स्टेशन को 20 साल से धमकियां मिल रही हैं।
ऐसे में राजकीय रेलवे पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल को हाई अलर्ट मोड पर रखा है। दोनों एजेंसियां ट्रेनों सहित स्टेशन पर अपने वाले लोगों के साथ यात्रियों की जांच व उनके सामान की गहनता से तलाशी ले रही हैं। संदिग्ध प्रतीत होने वाले लोगों से पूछताछ की जा रही है।
यमुनानगर जगाधरी रेलवे स्टेशन को बम से उड़ाने की धमकी का सिलसिला वर्ष 2006 से चल रहा है। अंतिम बार 26 अक्तूबर 2023 में पत्र स्टेशन अधीक्षक को एक पत्र पंजीकृत पोस्ट से पत्र भेजकर धमकी दी गई थी। इस दौरान दिवाली के दिन यमुनानगर जगाधरी, करनाल, पानीपत, सोनीपत, कालका, चंडीगढ़, गाजियाबाद, मेरठ सहित कई रेलवे स्टेशनों को बम से उड़ाने की धमकी का जिक्र किया गया था।
यह पत्र लश्कर ए तैयबा के नाम से नाम से भेजा गया था, जिसमें पाकिस्तान जिंदाबाद, लश्कर ए तैयबा जिंदाबाद के नारे भी लिखे हुए थे। पत्र में रेलवे स्टेशनों के अलावा यमुनानगर पॉवर प्लांट, बस अड्डा सहित प्रदेश के मंदिरों को भी बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। पत्र में 15 नवंबर को जगाधरी के बिजली प्लांट (थर्मल पॉवर प्लांट) जगाधरी वर्कशॉप रेल डिब्बा कारखाना, मंदिरों, बस अड्डों सहित धार्मिक स्थानों को बम से उड़ा देने की धमकी भी दी गई थी। यमुनानगर जगाधरी रेलवे स्टेशन को बम से उड़ाने की धमकी पहली बार 2006 में मिली थी। 2015 में रेलवे स्टेशन को उड़ाने की धमकी फोन कॉल पर दी गई थी।
अलर्ट के बाद रेलवे स्टेशन की चौकसी बढ़ा दी गई है। स्टेशन पर आने वाले लोगों, यात्रियों व उनके सामान की जांच की जा रही है। -बोधराज, अतिरिक्त थाना प्रभारी, जीआरपी।
रेलवे स्टेशन के प्रतीक्षालय में यात्रियों के सामान की जांच करती पुलिस। संवाद- फोटो : reasi news