संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। दस दिन के बाद लोगों ने नाच गाकर और अगले बरस जल्दी आने का वादा लेकर भगवान गणेश को भावभीनी विदाई दी। अनंत चतुर्दशी पर शहर में बाड़ी माजरा स्थित पश्चिमी यमुना घाट पर भगवान गणेश की प्रतिमा का विसर्जन नहर में किया गया। विसर्जन के लिए सुबह 11 बजे श्रद्धालुओं का तांता लग गया था। विसर्जन के लिए हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी।
शहर की विभिन्न कॉलोनियों, गलियों, क्षेत्रों से लोगों ढ़ोल, ताशे, बैंड बाजों के साथ भगवान गणेश की प्रतिमा लेकर घाट पर पहुंचे। इस दौरान भगवान गणपति को लेकर विभिन्न स्थानों पर शोभायात्रा निकाली गई। कोरोना संक्रमण के कारण इस बार शहर में कोई बड़ा गणपति उत्सव नहीं हुआ था। सालों से उत्सव करवाती आ रही संस्थाओं ने बेहद छोटे स्तर पर कार्यक्रम किए। भगवान गणेश को विदाई देने हजारों की संख्या में श्रद्धालु उमड़े।
शहर की गलियों व सड़कों से श्रद्धालु नाचते गाते पश्चिमी यमुना घाट पहुंचे। इस दौरान लोगों ने जमकर अबीर गुलाल उड़ाया और एक दूसरे को रंग लगाया। लोगों ने गणपति बप्पा से अगले बरस जल्द आने का वादा लिया। लोगों ने दुखहर्ता मंगलकर्ता प्रथम पूजनीय भगवान गणेश के कानों में अपनी मनाकामनाएं कहीं। घाट पर यमुना जल में विसर्जन के दौरान महिलाओं सहित सभी श्रद्धालु भावुक हो गए। सुबह से शाम तक घाट पर लोगों के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा।
विसर्जन के दौरान कई श्रद्धालुओं की टोलियां गाड़ी पर डीजे लेकर निकली। पूरा दिन शहर भर में गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्द आ की गूंज रही। वहीं बाजार से निकली शोभायात्रा के लिए विभिन्न स्थानों पर खानपान के स्टाल लगाए गए। दुकानदारों, व्यापारियों व बाजार आए लोगों ने भी दर्शन कर भगवान गणपति से उन्नति की मंगल कामना की।